जागरण संवाददाता, औरैया : कहते हैं कि कानून के हाथ बहुत लंबे होते हैं, उसकी पकड़ से कोई भी आरोपित दूर नहीं रह सकता है। एक वाक्या ऐसा प्रकाश में आया कि पुलिस हत्यारोपी की गिरफ्तारी के लिए आरोपित के घर पहुंची तो उसे त्रयोदशी संस्कार होने की सूचना मिली। जिसके बाद पुलिस वापस लौट आई। मामला करीब एक साल पुराना है। सदर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम सुरान में एक युवक की हत्या कर शव सड़क किनारे फेंक दिया गया था। विवेचना के दौरान जालौन निवासी एक व्यक्ति का नाम प्रकाश में आया था।

सदर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम सुरान में एक युवक की हत्या कर शव सड़क किनारे फेंक दिया गया था। इस मामले में ग्राम प्रधान ने अज्ञात शव मिलने की एफआइआर भी दर्ज कराई थी। कुछ दिन बाद मृतक की शिनाख्त सुनील पुत्र राजकुमार निवासी राजेंद्र नगर थाना उरई जिला जालौन के रूप में हुई थी। विवेचना के दौरान जालौन जिला के ही बम्हौरी निवासी गिरजाशंकर पुत्र हुब्बलाल का नाम प्रकाश में आया था। पुलिस ने कई बार गांव जाकर दबिश दी लेकिन हत्यारोपी गिरजाशंकर की गिरफ्तारी नहीं हो सकी थी। इसके बाद पुलिस ने न्यायालय से एनबीडब्लू जारी करा लिया। वारंट जारी होने के बाद मंगलवार को कोतवाली पुलिस आरोपित की गिरफ्तारी करने के लिए गांव पहुंची तो वहां पर पता चला कि आरोपित गिरजाशंकर की मौत हो गई है। दो दिन पहले आरोपित का त्रयोदशी संस्कार हो चुका है।

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