जागरण संवाददाता, औरैया: वैश्विक महामारी कोविड-19 पर रोक लगाने हेतु रविवार को जिलाधिकारी सुनील कुमार वर्मा की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में निगरानी समितियों की बैठक हुई। वैक्सीनेशन पर सीएचसी वार समीक्षा की गई। इसमें उन्होंने पाया कि अयाना और एरवाकटरा सीएचसी पर वैक्सीनेशन कम हैं। इस पर उन्होंने एमओआइसी अधीक्षक का वेतन रोकते हुए उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। इसके अलावा डीपीएम व बीपीएम अजीतमल का वेतन रोका। निर्देश दिए कि यदि एक हफ्ते के अंदर वैक्सीनेशन नहीं बढ़ाया गया तो सेवा समाप्त कर दी जाएगी।

निगरानी समितियों की बैठक में जिलाधिकारी सुनील कुमार वर्मा ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अर्चना श्रीवास्तव की भी क्लास लगाई। उन्होंने कहा प्रधान, लेखपाल, सचिव, कोटेदार आदि के साथ ब्लाकों में बैठक कर गांवों में वैक्सीनेशन का प्रचार प्रसार कराया जाए। लोगों को टीका लगाने के लिए प्रेरित करें। साथ ही मास्क, सैनिटाइजर, शारीरिक दूरी आदि के प्रति जागरूक करा जाए। उन्होंने एमओआइसी अधीक्षक को निर्देश दिए कि वैक्सीनेशन के बारे में अफवाह फैलाने वाले झोलाछाप के बारे में एसडीएम को अवगत कराएं। एसडीएम ऐसे झोलाछाप पर कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि निगरानी समितियों को थर्मामीटर दिलाने आरआरटी वाहनों द्वारा प्रचार-प्रसार कराने के निर्देश दिए। इटावा के सांसद डॉ. रामशंकर कठेरिया, राज्य सभा सदस्य गीता शाक्य, कृषि राज्य मंत्री लाखन सिंह, विधायक विनय शाक्य को पत्र लिखकर ऑक्सीजन प्लांट की स्थापना के संबंध में प्रस्ताव व कार्रवाई की अपेक्षा की गई है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दिबियापुर में एल-2 सुविधा के लिए ऑक्सीजन प्लांट, 50 बेड को ऑक्सीजन पहुंचाने के लिए पाइपिग, 50 ऑक्सीजन कंसलट्रेटर व 125 केवीए का जनरेटर क्रय किया जाना है। चिचौली स्थित एल-2 को आत्मनिर्भर बनाने के लिए 200 बेड को ऑक्सीजन पहुंचाने के लिए पाइप लाइन का कार्य व 50 ऑक्सीजन कंसलट्रेटर व 125 केवीए जनरेटर क्रय किया जाना है। 50 शैय्या जिला संयुक्त चिकित्सालय में भी ऑक्सीजन जनरेटर प्लांट, 50 बैड के लिए ऑक्सीजन पहुंचाने के लिए पाइपिग का कार्य, 50 ऑक्सीजन कंसलट्रेटर व 125 केवीए का जनरेटर क्रय किया जाना है।