प्रयागराज, जागरण संवाददाता। घूरपुर थाना क्षेत्र में इरादतगंज रेलवे ओवरब्रिज के नीचे रविवार शाम रीता जायसवाल (28) ने आठ साल की बेटी कोमल और 12 साल के बेटे हर्ष के साथ तेज रफ्तार में आ रही ट्रेन के आगे बैठ गई। इस दुखद घटना में मां और बेटी की मौत हो गई जबकि बेटा बाल-बाल बच गया। इस घटनाक्रम की प्रारंभिक वजह घरेलू कलह मानी जा रही है। बहन ने जिद और बीमारी की जानकारी दी है। वैसे पुलिस को कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। इस घटना ने सबको दहला दिया। लोगों का कहना था कि इतनी बड़ी समस्या तो नहीं थी जो रीता ने ऐसा किया। मुश्किलों से छुटकारा पाने का यह कोई सही तरीका तो नहीं है। 

घरेलू कलह की आशंका, बीमारी भी बताई गई वजह

शंकरगढ़ में जूही गांव निवासी पिंटू जायसवाल फतेहपुर में बिंदकी स्थित शराब की दुकान पर बतौर सेल्समैन काम करता है। पत्नी रीता जायसवाल पुत्र हर्ष व पुत्री कोमल के साथ नैनी के चाका में किराये का कमरा लेकर रहती थी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक रविवार शाम करीब साढ़े छह बजे रीता दोनों बच्चों को लेकर इरादतगंज रेलवे ओवरब्रिज के पास पहुंची और पटरी पर बैठ गई। जैसे ही प्रयागराज की ओर से मुंबई की तरफ जाने वाली ट्रेन आई, वह बच्चों का हाथ पकड़कर ट्रेन के आगे लेट गई। पकड़ कमजोर होने के कारण हर्ष का हाथ छूट गया और वह छिटककर दूर जा गिरा। यह देख आसपास मौजूद ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। कुछ लोगों ने बदहवास बच्चे को संभाला और पुलिस को खबर दी। कार्यवाहक थानाध्यक्ष शशिकांत फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। बुरी तरह सहमे और घबराए हर्ष से पूछताछ के बाद स्वजन को खबर दी गई। रोते-बिलखते पहुंची छोटी बहन रूपा ने पुलिस को बताया कि रीता बहुत जिद्दी थी और बीमारी से परेशान थी। इस घटना ने परिवार को तो गमगीन ही किया, आसपास के लोग भी दुखी और स्तब्ध हैं।

Edited By: Ankur Tripathi