जागरण संवाददाता, प्रयागराज : आलू और प्याज के दाम में उछाल आने से लोगों के बिगड़े बजट को थामने की कोशिश गुरुवार को अव्यवस्था की भेंट चढ़ गई। मंडी परिषद ने दाम पर नियंत्रण की पहल तो अच्छी की, लोगों को सस्ते दाम पर आलू व प्याज उपलब्ध कराया। लेकिन, परिषद द्वारा मंडी परिसर में खोले गए तीन काउंटरों पर गुरुवार को खरीदारों की भीड़ उमड़ पड़ी। सस्ती बिक्री के नाम पर आलू, प्याज प्रसाद की तरह बंटा। तभी प्याज का स्टाक खत्म हो गया। सैकड़ों लोगों को मायूस होकर लौटना पड़ा। अजीब स्थिति यह रही कि आलू और प्याज डेढ़-डेढ़ कुंतल ही बेचे जा सके। अब परिषद मंडी में आलू प्याज का स्टाक बढ़ाने की योजना बना रहा है।

मुंडेरा मंडी में गुरुवार को सुबह 10 से दोपहर एक बजे तक आलू और प्याज की फुटकर बिक्री के लिए तीन काउंटर खोले गए। स्टॉक कम होने की वजह से एक व्यक्ति को एक-एक किलो ही आलू और प्याज बेचा गया। आलू 25 रुपये प्रति किलो और प्याज 40 रुपये प्रति किलो बेची गई। जबकि एक दिन पहले आलू 20 रुपये किलो बेची गई थी। मंडी सचिव रेनू वर्मा ने बताया कि गुरुवार को सुबह 10 से दोपहर एक बजे तक तीन स्टॉल लगाए गए थे। अचानक भीड़ बढ़ने से प्याज का स्टॉक जल्दी खत्म हो गया। शुक्रवार से व्यापारियों से बात करके स्टॉक और बढ़ाया जाएगा ताकि लोगों को मायूस होकर लौटना न पड़े। इनसेट:::

शहर के अन्य क्षेत्रों में भी बनाए जाएं स्टॉल

-शहर के सब्जी बाजारों में इन दिनों फुटकर में आलू 45-50 और प्याज 60-70 रुपये प्रति किलो बेची जा रही है। मुंडेरा मंडी में सस्ते दाम पर लोगों को आलू-प्याज उपलब्ध कराया जा रहा है। शहर के लोगों का कहना है कि आलू-प्याज के दाम में उछाल आने से हर कोई प्रभावित है। ऐसे में मंडी परिषद को हर क्षेत्र में स्टाल लगाकर सस्ते दाम पर आलू प्याज उपलब्ध कराना चाहिए ताकि इसका लाभ सभी को मिल सके। ----------------------------------

बोले लोग

-बाजार में हरी सब्जीकम मिल रही है। आलू और प्याज की भी कीमत बढ़ने से दिक्कत हो रही है। मंडी परिषद में मिलने वाली आलू-प्याज की मात्रा नाकाफी है। इसे और बढ़ाया जाए।

दीपक कुमार वर्मा, सुलेमसराय

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बाजार में आलू और प्याज के दाम आसमान छू रहे हैं। इसलिए मंडी परिषद से खरीदारी की। आलू और प्याज की गुणवत्ता ठीक नहीं है। गुणवत्ता में सुधार के साथ मात्रा भी बढ़ाई जानी चाहिए।

- मोहन सिंह, साकेत नगर

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मंडी से मिलने वाला आलू और प्याज नाकाफी साबित हो रहा है। कम से कम पांच-पांच किलोग्राम प्रति व्यक्ति उपलब्ध कराया जाना चाहिए। ताकि लोगों की रसोई में तीन-चार दिन आलू-प्याज उपलब्ध रहे।

- उमेश कुमार, चौफटका

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आलू और प्याज की गुणवत्ता के साथ पर्याप्त स्टॉक भी होना चाहिए। गुरुवार को स्टॉक खत्म होने से कई लोगों को मायूस होकर लौटना भी पड़ा।अगले दिन यानी शुक्रवार को आलू-प्याज मिलने की उम्मीद है।

- अशोक कुमार, मुंडेरा गांव

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प्याज की किल्लत दूर करेगी किसान एक्सप्रेस

जागरण संवाददाता, प्रयागराज : किसान एक्सप्रेस से जिले में प्याज की किल्लत दूर होगी। महाराष्ट्र से किसान एक्सप्रेस से प्याज लाई जा रही है। इसके अलावा सब्जी और फलों की आवक भी हो रही। इसके प्याज के दाम में गिरावट आने के आसार हैं।

किसानों को उनकी उपज का वाजिब दाम मिले, इसके लिए रेलवे ने ग्रीन्स टॉप टू टोटल योजना शुरू की है। इसके जरिए किसान कम खर्च में अपनी उपज को ट्रेन से बाहर भेजकर अधिक मुनाफा कमा सकेंगे। रेलवे ने किसानों की उपज देश के एक कोने से दूसरे कोने तक पहुंचाने के लिए किसान स्पेशल ट्रेन चलाई है। इसमें फल और सब्जी भेजने के लिए भाड़े में 50 फीसद छूट दी जा रही है। 00107/00108 देवलाली-मुजफ्फरपुर-देवलाली (किसान एक्सप्रेस) सप्ताह में दो तीन चल रही है। इस ट्रेन के जरिए महाराष्ट्र से प्याज के अलावा शिमला मिर्च, चुकंदर, हरी मिर्च, संतरा, अनार, अदरक, गाजर, नीबू लाया जा रहा है। इसके अलावा प्रयागराज से बक्सर और बुरहानपुर के लिए सब्जी मसाले भेजे जा रहे हैं। 00107 देवलाली-मुजफ्फरपुर रविवार, बुधवार व शुक्रवार को प्रयागराज छिवकी जंक्शन होकर मुजफ्फरपुर जाती है। 00108 मुजफ्फरपुर-देवलाली सोमवार, गुरुवार व शनिवार को प्रयागराज छिवकी होकर देवलाली जाती है।

इन फल और सब्जी पर मिलेगी छूट

प्याज, शिमला मिर्च, चुकंदर, हरी मिर्च, संतरा, अनार, अदरक, गाजर, नीबू, बैगन, आलू, फूलगोभी, मौसमी, मटर, लहसुन, ककरी, नासपाती, करेला, टमाटर को छूट वाली श्रेणी में शामिल किया गया है। किसानों को उनकी उपज का अच्छा मुनाफा मिले, इसके लिए रेलवे ने यह कदम उठाया है। फल और सब्जियों पर रेलवे की ओर से घोषित भाड़े में छूट भी दी जा रही है।

- अजीत कुमार सिंह, सीपीआरओ

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