प्रयागराज, जागरण संवाददाता। दो दिन से रुक-रुक कर हो रही बारिश ने बिजली विभाग को जबरदस्त चोट दी है। जिले के 50 से अधिक उपकेंद्र से होने वाली आपूर्ति बारिश के कारण प्रभावित हुई। शहर के करेली, करैलाबाग उपकेंद्र से जुड़े दर्जनों मोहल्ले में 12 घंटे तक बिजली गुल रही। वहीं, तेलियरगंज उपकेंद्र से संबंधिक इलाकों में 15 घंटे से अधिक समय तक आपूर्ति ठप रहने से हाहाकार मच गया। टयूबवेल नगीं चलने की वजह से लोगों को पेयजल को लेकर खास परेशान होना पड़ा। इसी प्रकार शहर के अन्य इलाकों में भी बिजली का संकट बरकरार रहा।

शनिवार रात से झेल रहे लोग बिजली की कटौती

शनिवार देर रात करीब तीन बजे बारिश के कारण रीवां रोड से होने वाली 33 हजार की लाइन में गड़बड़ी आ गई। इससे करैलाबाग से संबंधित दर्जनों मोहल्ले के हजारों घरों में अंधेरा छा गया। अभी यह गड़बड़ी दूर होती, इससे पहले कैंट से होने वाली 33 हजार की लाइन में खराबी आ गई। इससे करेली उपखंड से होने वाली सप्लाई ठप हो गई। सूचना पाकर रविवार सुबह एसडीओ एबी यादव कर्मचारियों के साथ मौके पर पहुंचे और मरम्मतीकरण का कार्य शुरू कराया, तब जाकर दोपहर करीब 2:30 बजे आपूर्ति बहाल हो सकी। उधर, तेलियरगंज उपखंड से संबंधित मेंहदौरी कालोनी, रसूलाबाद, बद्री आवास योजना, ईडब्ल्यूएस कालोनी, जोधवल, न्यू मेंहदौरी, शिलाखाना, शंकरघाट, टीवी कॉलोनी, शिवकुटी, सलोरी, ऊंटखाना, गोविंदपुर, तेलियरगंज समेत अन्य इलाकों में शनिवार देर रात एक बजे आपूर्ति ठप हो गई। कहीं तारों पर पेड़ की डाल गिरी तो कहीं अन्य तकनीकी खराबी आ गई। सुबह तक आपूर्ति बहाल नहीं हुई तो पेयजल संकट भी छा गया। दोपहर 12 बजे पार्षद मुकुंद तिवारी के नेतृत्व में लोग उपकेंद्र पर पहुंचे, तब जाकर दोपहर दो बजे आपूॢत बहाल हुई। लेकिन तीन बजे फिर कट गई। इसके बाद बिजली की आवाजाही बनी रही।

बमरौली इलाके में भी रही समस्या

बमरौली गुरुद्वारा के पास लगे ट्रांसफार्मर में रविवार शाम खराबी आने से दर्जनों घरों में बिजली गुल हो गई। इसी प्रकार ममफोर्डगंज, प्रीतम नगर, नीवां, मीरापुर, सब्जी मंडी, हर्षवर्धन नगर, बलुआघाट, साउथ मलाका, रामबाग, मलाकराज समेत अन्य इलाकों में भी बिजली की आवाजाही का सिलसिला जारी रहा। वहीं, गंगापार के 21 और यमुनापार के 25 उपकेंद्रों में गड़बड़ी आने से संबंधित सैकड़ों गांवों में आपूर्ति बाधित रही। मुख्य अभियंता विनोद गंगवार का कहना है कि बारिश के चलते आपूर्ति प्रभावित हुई है। अधिकांश जगहों पर आपूर्ति बहाल कर दी गई है। जिन उपकेंद्रों में पानी भरा हुआ है, वहां कार्य चल रहा है।

Edited By: Ankur Tripathi