प्रयागराज, जेएनएन। अदालत के आदेश पर मुकदमा दर्ज हुए डेढ़ माह का वक्त बीत चुका है, लेकिन शिवकुटी थाने की पुलिस अब तक आरोपित सीओ का नाम तक नहीं खोज पाई है। यह हाल तब है, जब जिले के कप्तान बदल गए हैं, लेकिन पुलिसकर्मियों की कार्यशैली में कोई बदलाव नहीं आया है। ऐसे में यह कहा जाने लगा है कि पुलिस विवेचना के नाम पर खानापूर्ति करने का प्रयास कर रही है। एफआइआर विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ होने के कारण जांच में विशेष सावधानी बरतने की बात भी कही जा रही है।

पीड़ित का आरोप, किराया मांगने गई तो की गई बदसलूकी

दरअसल, कोर्ट के आदेश और सरायइनायत की एक युवती की तहरीर पर दिसंबर में शिवकुटी पुलिस ने सीओ चतुर्थ और तत्कालीन थानाध्यक्ष पंकज कुमार सिंह समेत कई अन्य के खिलाफ मुकदमा कायम किया था। पीड़िता का आरोप था कि उनका मकान शिवकुटी थाना क्षेत्र के अपट्रान चौराहे के पास है। उस मकान में गयादीन शर्मा किराए पर रहता था। जब वह किराया मांगने के लिए अपनी मां के साथ मकान के पास गई तब आरोपितों ने अभद्रता करते हुए उसके साथ मारपीट की।

जब कहीं सुनवाई नहीं तो अदालत की ली शरण और हुआ मुकदमे का आदेश

शिकायत देने के बावजूद तत्कालीन शिवकुटी थाना अध्यक्ष पंकज कुमार सिंह ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की। इसके बाद उसने सीओ चतुर्थ कार्यालय में जाकर शिकायत दी जहां से कोई मदद नहीं मिली। तब उसने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था, जिसके बाद रिपोर्ट दर्ज हुई। मगर अब तक पुलिस न तो कोई कार्रवाई कर पाई और न ही आरोपित सीओ का नाम खोज सकी है।

Edited By: Ankur Tripathi