प्रयागराज, जागरण संवाददाता। शहर में चौतरफा हो रही अवैध प्लाटिंग को रोक पाना प्रयागराज विकास प्राधिकरण (पीडीए) के वश में नजर नहीं आता है। लेकिन, अगर आप किसी प्लाटर से प्लाट खरीद रहे हैं तो इस बात की जानकारी जरूर कर लें कि उसकी प्लाटिंग का लेआउट प्लान प्राधिकरण से पास है अथवा नहीं। क्योंकि अवैध प्लाटर प्राधिकरण के हिस्से का पैसा भी वसूल लेता है और वह सुविधा के नाम पर प्लाट खरीदने वालों को कुछ नहीं देता है।

नहीं मिलती प्लाट खरीदने वालों को जरूरी सुविधाएं

प्लाटिंग करने वाले को अपनी साइट पर सड़क, ड्रेनेज, बिजली, पानी, सीवर, पार्क आदि मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करानी होती है। इसके लिए उसे प्राधिकरण द्वारा ले आउट प्लान भी पास कराना होता है। लेकिन, शहर पश्चिमी विधानसभा के देवघाट, झलवा, कटहुला, गाजा चिल्ला, पोंगहट पुल, बमरौली, फनगांव, भगवतपुर के अलावा नैनी क्षेत्र के देवरख, अरैल, रीवा एवं मीरजापुर रोड, झूंसी में वाराणसी मार्ग, फाफामऊ में गोहरी आदि इलाकों में तमाम अवैध प्लाटरों द्वारा बगैर लेआउट प्लान पास कराए ही प्लाटिंग कराई जा रही है। अवैध प्लाटिंग में प्लाटरों द्वारा कोई सुविधाएं नहीं मुहैया कराई जाती हैं। इससे प्लाट खरीदने वाले फंस जाते हैं। हालांकि, प्लाटर सुविधाएं उपलब्ध कराने के नाम पर भूखंड खरीदने वालों से प्राधिकरण के हिस्से का पैसा ले लेता है।

अवैध निर्माण के मामले में सैकड़ों नोटिस जारी

अवैध निर्माण मामलों में प्राधिकरण द्वारा नोटिस जारी किया जा रहा है। हाल के दिनों में सैकड़ों नोटिस जारी की जा चुकी हैं। 15 दिन में नोटिस का जवाब मांगा गया है। जोनल अधिकारी शिवानी सिंह का कहना है कि लेआउट प्लान स्वीकृत होने से नाली, सड़क, ड्रेनेज आदि की सुविधा मिलती है। अन्यथा अवैध प्लाटर प्राधिकरण के हिस्से का भी पैसा ले लेता है और सुविधाएं भी नहीं देता है। इसलिए प्लाट खरीदते समय लोगों को लेआउट प्लान पास होने की जानकारी जरूर कर लेनी चाहिए।

Edited By: Ankur Tripathi