प्रयागराज, जेएनएन। उप्र सरकार के पूर्व शिक्षा मंत्री राकेशधर त्रिपाठी के विरुद्ध एमपी/एमएलए की विशेष न्यायालय में विचाराधीन आय से अधिक संपत्ति के मुकदमे में शुक्रवार को पहले गवाह रामसुभग राम की गवाही हुई। विशेष न्यायाधीश डा. दिनेश चंद्र शुक्ल के समक्ष अभियोजन ने मुकदमा दर्ज कराने वाले सतर्कता अधिष्ठान के पूर्व अधीक्षक रामसुभग राम का शपथ पूर्वक बयान दर्ज कराया।

विशेष लोक अभियोजक विकास गुप्ता और रविंद्र श्रीवास्तव ने मुकदमे में दूसरे गवाह सतर्कता अधिष्ठान के एसपी सिंह को बुलाने के लिए कोर्ट से अनुमति मांगी। एसपी सिंह ने ही मुकदमे में विवेचना कर चार्जशीट न्यायालय में पेश किया था। कोर्ट ने 24 जनवरी की तिथि नियत कर कहा कि हाईकोर्ट की गाइडलाइन के अनुपालन के अनुसार ही गवाह बुलाने की अनुमति दी जाएगी। पूर्व मंत्री के विरुद्ध भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के अंतर्गत आरोप तय किया गया है। सतर्कता अधिष्ठान प्रयागराज परिक्षेत्र के निरीक्षक रामसुभग राम ने 18 जून 2013 को मुट्ठीगंज थाने में पूर्व मंत्री के विरुद्ध मुकदमा पंजीकृत कराया था।

पुलिस बल पर हमले के आऱोपित को जमानत नहीं

प्रयागराज : पुलिस बल पर वाहन चढ़ाकर जानलेवा हमला करने के आरोपित विनय यादव उर्फ पंडित की जमानत अर्जी जिला जज नलिन कुमार श्रीवास्तव ने खारिज कर दी। घटना 27 दिसंबर 2021 को थाना सरायइनायत की है। सुशील कुमार ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि पुलिस को सूचना मिली कि ग्राम सोनी में तस्कर पशुओं को एकत्र कर ले जा रहे हैं। पुलिस बल द्वारा दबिश दी गई। अभियोजन ने कोर्ट को बताया कि फुरकान, फैजान, इश्तियाक, जगत आदि अन्य लोग लाठी-डंडा, सरिया, चापड़ लेकर पुलिस बल को घेरकर हमला कर दिया। जान से मारने की नियत से वाहन चढ़ाने का प्रयास किया। घटना में पुलिस उप निरीक्षक धर्मेंद्र के सिर में गंभीर चोटें आई। अन्य पुलिसकर्मी भी घायल हो गए थे। अपराध की गंभीरता को देखते हुए कोर्ट ने जमानत अर्जी खारिज कर दी।

Edited By: Ankur Tripathi