प्रयागराज, जेएनएन। प्रयागराज में कोरांव विकास खंड के तीन शिक्षक अनियमितता में घिर गए हैं। उन्‍होंने मिड-डे-मील योजना के तहत खाद्य सुरक्षा के भत्ते के रूप में बच्चों को वितरित किए जाने वाले खाद्यान्न व खातों में भेजी जाने वाली परिवर्तन लागत का विवरण नहीं उपलब्ध कराया है। इस संबंध में पत्र से सूचना देने, ऑनलाइन बैठक में भी विवरण मांगा गया लेकिन शिक्षकों ने विवरण नहीं दिया। बेसिक शिक्षाधिकारी ने इसे गंभीरता से लेते हुए संबंधित शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस भेजा है।

कोरांव के नई पियरी की इंचार्ज प्रधानध्‍यापक की लापरवाही

बीएसए संजय कुशवाहा ने बताया कि प्राथमिक विद्यालय नई पियरी की इंचार्ज प्रधानाध्यापक शकीला खलील से मिड-डे-मील योजना के तहत वितरित होने वाले खाद्यान्न व परिवर्तन लागत संबंधी जानकारी मांगी गई। खंड शिक्षाधिकारी कार्यालय से उन्हें पत्र भी भेेजे गए। विभाग की ओर से फोन करने पर रिसीव न करने की शिकायतें मिलीं। कई बैठकों में प्रतिभाग भी नहीं किया जब कि एमडीएम का विवरण वेबसाइट पर निर्धारित समय पर अपलोड किया जाना चाहिए था।

तीन दिन के भीतर जवाब देने को दी गई नोटिस

यह भी शिकायत मिली है कि परिवर्तन लागत बच्चों के अभिभावकों के खाते में नहीं भेजी गई। विद्यालय में विकास कार्य भी नहीं कराए गए। यह सभी कार्य लापरवाही और अनुशासनहीनता की श्रेणी में आते हैं। तीन दिन के भीतर जवाब देने के लिए नोटिस दिया गया है।

महुली और चौलारी के इंचार्ज प्रधानाध्‍यापक को भी कारण बताओ नोटिस

इसी क्रम में संविलयन विद्यालय महुली के इंचार्ज प्रधानाध्यापक विद्याशंकर और चौलारी संविलयन के इंचार्ज प्रधानाध्यापक को भी कारण बताओ नोटिस दिया गया है। इन पर भी मिड-डे-मील के खाद्यान्न व कनवर्जन कास्ट बच्चों के अभिभावकों के खाते में न भेजने का आरोप है।

Edited By: Brijesh Srivastava