प्रयागराज, जेएनएन। श्मशान घाटों पर धन के अभाव में किसी का दाह संस्कार न रुके इसके लिए शासन ने कवायद शुरू कर दी है। जल्द ही प्रत्येक शव के दाह संस्कार के लिए शुल्क निर्धारित कर दिया जाएगा। यदि धन के अभाव में कुछ लोग शव को दफना रहे हैं तो उनके लिए भी जरूरी कदम उठाए जाएंगे। यह जानकारी उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सोमवार को प्रयाग प्रवास के दौरान सर्किट हाउस में दी।

दाह संस्कार के लिए शासन की तरफ से मदद

डिप्टी सीएम ने कहा कि जिन स्थानों पर परंपरा के तहत नदी के किनारे शव दफनाए जाते हैं उन पर कोई दबाव नहीं। यदि कोई व्यक्ति धन के अभाव में शव दफन करेगा तो उसे दाह संस्कार के लिए शासन की तरफ से मदद दी जाएगी। इसके लिए जल्द ही किसी संस्था को जिम्मेदारी दी जा सकती है। उप मुख्यमंत्री ने माना कि संक्रमण के चलते कुछ मौतें बढ़ीं लेकिन शव को लेकर विपक्ष जो राजनीति कर रहा है यह दुर्भाग्यपूर्ण है। महामारी के दौर में एकजुट होकर जनहित में प्रयास करने की जरूरत है। दैनिक जागरण ने वस्तुस्थिति को स्पष्ट करते हुए कई संस्करणों में खबरें भी प्रकाशित की, यह सराहनीय है। गंगा घाटों के किनारे जो शव अभी दिख रहे हैं। उनका निस्तारण स्थानीय स्तर पर कराया जा रहा है। कुछ जगहों पर सामूहिक तौर पर भी दाह संस्कार कराए गए हैं। अब घाटों पर पुलिस प्रशासन के लोग भी सक्रिय हैं, वह सभी को जागरूक कर रहे हैं।

जो भाजपा से जुडऩा चाहते हैं उनका स्वागत है

उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य जिला पंचायत अध्यक्ष के प्रत्याशी को लेकर चल रही अटकलों पर साफ साफ कुछ नहीं बोले। कहा कि जल्द ही स्थिति साफ हो जाएगी, प्रदेश स्तरीय कोर कमेटी इस पर अंतिम निर्णय करेगी। प्रयागराज में नवनिर्वाचित जिला पंचायत सदस्यों के भाजपा ज्वाइन करने के प्रश्न पर बोले जो पार्टी से जुडऩा चाहते हैं उनका खुले मन से स्वागत है। यह भी कहा कि प्रदेश की अधिकांश जिला पंचायतों में भाजपा का ही अध्यक्ष होगा यह भी तय है।

Edited By: Ankur Tripathi