प्रयागराज, जेएनएन। सरकारी कोटे की दुकान से रुपये से मिलने वाला खाद्यान्न अब निश्शुल्क मिला। यह व्यवस्था जून, जुलाई और अगस्त माह तक जारी रहेगी। कोविड-19 महामारी से उत्पन्न परिस्थितियों को देखते हुए गरीबों और जरुरतमंदों को राहत देने के लिए प्रदेश सरकार ने यह कदम उठाया है। इससे जनपद के 10 लाख 55 हजार राशनकार्ड धारक लाभान्वित होंगे।

कोरोना के दौर में गरीबों को राहत देने की सरकार की योजना

कोरोना महामारी के दौर में गरीबों के सामने खाद्यान्न का संकट न खड़ा हो, इसके लिए माह में दो बार राशन का वितरण किया जा रहा है। प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत निश्शुल्क राशन वितरण हो रहा है, जबकि प्रतिमाह मिलने वाला खाद्यान्न अलग से दिया जा रहा है। प्रतिमाह मिलने वाला खाद्यान्न पहले रुपये लेकर दिया जाता था, लेकिन सरकार ने इस व्यवस्था में बदलाव किया है।

जून, जुलाई और अगस्‍त माह का राशन निश्‍शुल्‍क

जून, जुलाई और अगस्त माह का राशन भी निश्शुल्क दिया जाएगा। इसका वितरण 20 से 30 जून तक होगा। एक यूनिट पर तीन किलो गेहूं और दो किलो चावल दिया गया। इसका लाभ जिले के 10 लाख 55 हजार राशनकार्ड धारकों का मिलेगा। इसमें 88 हजार अंत्योदय राशनकार्ड धारक भी शामिल हैं।

जिलापूर्ति अधिकारी ने कहा- सभी कोेटेदारों को निर्देशित किया गया है

जिलापूर्ति अधिकारी दिलीप कुमार का कहना है कि इसके लिए सभी कोटेदारों को निर्देश दे दिया गया है। कोटे पर राशन का वितरण सुबह छह बजे से रात नौ बजे तक होगा।

जिले में 2204 राशन की हैं दुकानें

जनपद में राशन की 2204 दुकानें हैं। इसमें 480 शहरी और 1724 ग्रामीण इलाकों में हैं। सभी कोटेदारों को गरीबों को निश्शुल्क राशन 20 जून से वितरित करने के निर्देश दिए गए हैं। कोरोना संक्रमण से बचाव के मद्देनजर सैनिटाइजर और फिजिकल डिस्टेंसिंग का पालन करने को कहा गया है।

तीन किलो मिलेगी चीनी

अंत्योदय कार्डधारकों को चीनी का भी वितरण किया जाएगा। अप्रैल, मई और जून माह की चीनी 20 जून से मिलने वाले राशन के साथ दी जाएगी। इसके लिए उनको प्रतिकिलो चीनी के लिए 18 रुपये देने होंगे। इससे 88 हजार अंत्योदय कार्डधारक लाभांवित होंगे।

 

Edited By: Brijesh Srivastava