नैनी जेल में पहुंचे माफिया ब्रदर्स, उमेश पाल अपहरण मामले में अतीक-अशरफ दोनों को होगी सजा | Highlights
Atiq Ahmed Highlights : आपरेशन अतीक रिटर्न्स के तहत अतीक का काफिला 1300 किलोमीटर का सफर करीब 24 घंटे में पूरा करके शाम 5.30 बजे नैनी जेल पहुंचा।

Atiq Ahmed Highlights : आपरेशन अतीक रिटर्न्स के तहत अतीक का काफिला 1300 किलोमीटर का सफर 24 घंटे में पूरा करके शाम 5.30 बजे नैनी जेल पहुंचा। अतीक के काफिले के पहुंचने से पहले सुरक्षा के जबरदस्त इंतजाम कर लिए गए थे। अतीक के काफिले के साथ उनके परिवार की गाड़ियां भी प्रयागराज पहुंची थी। बताते चलें कि उमेश पाल अपहरणकांड के आरोपित अतीक को कल (28 मार्च) एमपी-एमएलए कोर्ट में पेश किया जाएगा।
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माफिया अतीक अहमद का भाई भी नैनी जेल में दाखिल हो गया है। जेल में दोनों के मेडिकल जांच करने की तैयारी की जा रही है।
यह सूचना सामने आ रही है कि अली को जिस बैरक में रखा गया था। उसे वहां से हटा करके सर्किल नंबर 1 के हाई सिक्योरिटी बैरक में रखा जा रहा है। अतीक को अतिरिक्त बैरक में रखा जाएगा। अभी उसकी जेलर कार्यालय के समीप मेडिकल जांच की जा रही है।
जेल में कुछ बंदियों की बैरक बदलने की भी जानकारी सामने आई है। पता चला है कि यह अतीक अहमद के करीबी हैं। जेल के अंदर अभी पुलिस अधिकारी तमाम बैंरकों में जाकर देख रहे हैं।
अतीक के काफिले ने 23 घंटे 45 मिनट में साबरमती टू नैनी जेल का सफर किया पूरा।
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अतीक अहमद को नैनी जेल की हाई सिक्योरिटी बैरक में रखा जाएगा, जहां सीसीटीवी कैमरों के जरिए हर पल नजर रखी जाएगी। जेल के बंदी रक्षक भी बॉडी वार्न कैमरों से लैस रहेंगे जो अतीक के साथ लगातार बने रहेंगे। इसी जेल में कुछ देर में बरेली से लाकर अशरफ को अलग बैरक में रखा जाएगा। इन दोनों भाइयों को कल मंगलवार को 11 बजे एमपी-एमएलए कोर्ट में पेश किया जाना है जहां उमेश पाल अपहरण कांड में फैसला सुनाया जाएगा।
साबरमती केंद्रीय कारावास में बंद माफिया अतीक अहमद को यूपी पुलिस ट्रांजिट रिमांड पर प्रयागराज ले आई है। साबरमती से प्रयागराज की दूर लगभग 13 सौ किमी है, जिसे तय करने में यूपी पुलिस के काफिले को करीब 24 घंटे से ज्यादा समय लगा।
यूपी पुलिस ने माफिया अतीक अहमद को नैनी जेल में रखा है। अब अगले दिन यानी 28 मार्च को उमेश पाल अपहरण मामले में सजा सुनाए जाने के दौरान अतीक को कोर्ट में पेश किया जाएगा। सजा सुनाए जाने के बाद माफिया अतीक को वापस जेल भेज दिया जाएगा।
नैनी जेल पहुंचा अतीक का काफिला, जेल में दाखिल होने के बाद जेलर कार्यालय के समीप अतीक को रोककर के उसका मेडिकल कराने की तैयारी की जा रही है। मेडिकल होने के बाद उसे हाई सिक्योरिटी बैरक में भेजा जाएगा।
जसरा से नैनी जेल की तरफ बढ़ा अतीक अहमद का काफिला
माफिया अतीक अहमद का काफिला चित्रकूट सीमा से प्रयागराज में प्रवेश कर गया है। अतीक का काफिला बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे से भरतकूप तक पंहुचा। उसके बाद झांसी मिरजापुर राष्ट्रीय राजमार्ग-35 से प्रयागराज के लिए निकल गया। जनपद में करीब 75 किलोमीटर का सफर करते हुए काफिला शाम को करीब साढ़े चार बजे प्रयागराज सीमा में प्रवेश किया। इसके पहले चित्रकूट में झांसी-मानिकपुर रेलवे क्रासिंग बंद होने से ट्रेन गुजरने तक काफिला खड़ा रहा।
मीडिया कर्मियों को जेल से बाहर रखा गया है, जबकि लखनऊ से लेकर प्रयागराज तक की इलेक्ट्रॉनिक और प्रिंट मीडिया मौके पर मौजूद है किसी को अंदर जाने नहीं दिया जा रहा है।
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नैनी, औद्योगिक क्षेत्र, दारागंज, घूरपुर, करछना थाने की फोर्स जेल के बाहर लगा दी गई है।

नैनी, औद्दोगिक क्षेत्र, दारागंज, घूरपुर, करछना थाने की फोर्स नैनी जेल के बाहर लगा दी गई है। बताया जा रहा है कि कुछ ही देर में पुलिस अतीक अहमद को लेकर नैनी जेल पहुंचने वाली है। वहीं डीसीपी नगर दीपक भूकर कई थानों की फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए हैं।
माफिया अतीक अहमद का काफिला 1 घंटे में नैनी जेल पहुंच सकता है। जेल में सुरक्षा की कड़ी व्यवस्था की गई है।
माफिया अतीक का काफिला प्रयागराज की ओर तेजी से बढ़ रहा है। नैनी जेल के सामने पुलिस की हलचल तेज हो गई है। सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
70-80 किलोमीटर प्रतिघंटा की स्पीड से प्रयागराज की ओर बढ़ रहा है अतीक का काफिला, शाम 5 बजे के बाद किसी भी वक्त माफिया की वैन नैनी जेल में दाखिल हो सकती है।
शाम पांच बजे तक प्रयागराज लाया जा सकता है अतीक अहमद। चित्रकूट में भरतकूप से आगे बढ़ा है काफिला। प्रयागराज से दूरी अब सिर्फ 135 किलोमीटर रह गई है।
माफिया अतीक अहमद का काफिला महोबा पहुंच चुका है। महोबा से बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे का 14 किमी का सफर महोबा पुलिस एसटीएफ को स्काॅट दे रही है।
अतीक के भाई अशरफ का काफिला लखनऊ दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग पर शाहजहांपुर की सीमा से लखीमपुर जिले के उचौलिया थाना क्षेत्र में पहुंचा। उचौलिया से लखीमपुर के जंग बहादुर गंज,हरदोई के जहानीखेड़ा,लखीमपुर जिले के मैगलगंज होते हुए सीतापुर जिले की सीमा में पहुंचेगा।

बागे नदी पुल पर तैनात जिले के भरतकूप थाने का फोर्स
अहमदाबाद की साबरमती जेल से माफिया अतीक अहमद को लेकर चला काफिला झांसी, जालौन होते हुए बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के रास्ते महोबा- बांदा की सीमा पर पहुंचा है। यहां से बांदा, चित्रकूट होते हुए प्रयागराज जाएगा।

उमेश पाल के घर पर तैनात पुलिसकर्मी
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माफिया अतीक अहमद, अशरफ को जेल में आने को लेकर जेल प्रशासन कितना चौकन्ना है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि सोमवार की दोपहर मिर्जापुर मार्ग पर स्थित गेट के आस-पास स्थित दुकानों को हटवाया जा रहा है। बुलडोजर से अवैध कब्जे को गिराया जा रहा है। काफी दुकानदार मौके से भाग गए हैं।।
महोबा से बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे का 14 किमी का सफर महोबा पुलिस एसटीएफ को स्काॅट दे रही है। अतीक का काफिला जिले में खरेला के पास से काफिला खन्ना की ओर बढ़ते हुए बांदा की ओर कड़ी पहरेदारी में जा रहा है।
महोबा: बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे में महोबा जिले की सीमा में पहुंचा अतीक का काफिला।

नैनी जेल मुख्य गेट पर बैरिकेडिंग की गई है । मिर्जापुर मार्ग पर स्थित गेट कसाई मोहल्ले की ओर से स्थित गेट पर पुलिस तैनात की गई है, जो किसी भी आगंतुकों को आने जाने नहीं दे रही। जेल के आसपास पुलिस का पहरा बैठा दिया गया है। डीआईजी जेल शैलेंद्र छुट्टी पर चले गए हैं। उनकी जगह जेल मुख्यालय से एके सिंह डीआईजी का चार्ज संभाल लिया है।
अतीक को लेकर हमीरपुर जिले की सीमा में पुलिस ने किया प्रवेश। बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के गोहांड ब्लाक से होकर जाती पुलिस।
उमेश पाल की पत्नी जया पाल ने कहा कि अतीक अहमद का खात्मा जरूरी है।
उमेश पाल की मां ने कहा कि वैसे तो कोर्ट का फैसला हमे मंजूर है लेकिन मेरा सवाल सीएम योगी और पुलिस से है कि इसकी (अतीक) की मौत से मेरे मन को सुकून मिलेगा। उमेश पाल अपहरण कांड में मां ने बताया कि ये जेल के अंदर से ही सब कुछ करता है। मेरे बेटे को इसने बहुत प्रताड़ित किया। करंट लगाया। खाना भी नहीं दिया।
नैनी सेंट्रल जेल में अतीक अहमद का बेटा अली भी है। जेल अधिकारियों के सामने चुनौती है कि अतीक अशरफ और अली जेल में अलग-अलग कड़ी निगरानी के बीच रहें और उनमें आपस में जेल के भीतर मुलाकात न होने पाए।
आज सोमवार सुबह भी डीआईजी जेल सहित अन्य अधिकारी नैनी सेंट्रल जेल में अतीक और अशरफ को कड़े पहरे के बीच रखने के लिए सक्रिय हैं। अतीक को जिस हाई सिक्योरिटी बैरक में रखा जाएगा उस में सीसीटीवी कैमरे भी लगे हुए हैं। इन कैमरों के जरिए लखनऊ में कारागार निदेशालय से भी माफिया पर नजर रखी जाएगी।
अतीक और अशरफ को नैनी जेल में कड़ी निगरानी के बीच रखने के लिए डीआईजी जेल कल रविवार शाम से ही नैनी सेंट्रल जेल में सुरक्षा व्यवस्था की कमान संभाले हुए हैं।

महोबा: बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर अतीक अहमद का काफिला आने से पहले पुलिस अलर्ट है। भारी वाहनों को किनारे रोका गया है।

अतीक अहमद का काफिला जालौन के एट टोल प्लाजा से गुजर कर कैथर गांव की ओर बढ़ रहा है। यहां से काफिला बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर चढ़ेगा।
माफिया अतीक अहमद और अशरफ को प्रयागराज लाने के बाद नैनी जेल में रखा जा सकता है। नैनी जेल में सुरक्षा की जांच के लिए पुलिस की टीम पहुंच चुकी है।
पेट्रोल पंप पर थोड़ी देर रुकने के बाद एक बार फिर अतीक का काफिला प्रयागराज के लिए रवाना हो चुका है।
अतीक अहमद का काफिला पेट्रोल पंप के पास रुक गया है। यहां पर पुलिस की गाड़ियों में पेट्रोल भरवाया जा रहा है।
अतीक के भाई अशरफ का काफिला लखनऊ दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग पर शाहजहांपुर की सीमा से लखीमपुर जिले के उचौलिया थाना क्षेत्र में पहुंचा। उचौलिया से लखीमपुर के जंग बहादुर गंज,हरदोई के जहानीखेड़ा,लखीमपुर जिले के मैगलगंज होते हुए सीतापुर जिले की सीमा में पहुंचेगा।
मध्य प्रदेश के शिवपुरी में अतीक अहमद की वैन हादसे का शिकार होने से बाल-बाल बच गई। काफिला जब शिवपुरी से गुजर रहा था तो अतीक के वैन से एक गाय टकरा गई। वैन ड्राइवर की सूझबूझ के चलने से कोई हादसा नहीं हुआ। आम तौर पर इस तरह की घटनाओं में अक्सर बड़े वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो जाते हैं।
#अतीक़अहमद को ले जा रहे पुलिस के वाहन से गाय की टक्कर, #AtiqAhmed #Prayagraj #अतीक़अहमद pic.twitter.com/OzfcxnodcH
— Nitesh Srivastava (@nitesh_sriv) March 27, 2023
अशरफ का काफिला शाहजहांपुर के बंथरा पहुंच चुका है।

शाहजहांपुर के कटरा से निकला अशरफ को लेकर पुलिस का काफिला।
अशरफ के आगे चल रहीं पुलिस की चार गाड़ी।
सीओ लाइन सबसे आगे
पीछे दो में फोर्स
फिर अशरफ की गाड़ी
ठीक पीछे प्रतिसार निरीक्षक निरोत्तम सिंह
अतीक का भाई अशरफ फरीदपुर तक आ चुका
अशरफ के काफिले के साथ प्रयागराज से सीओ के साथ आए सात पुलिसकर्मी, बरेली से तीन इंस्पेक्टर समेत 16 पुलिसकर्मी और एसटीएफ की टीम साथ चल रही है।
प्रयागराज पुलिस अशरफ को लेकर बरेली जेल से लेकर प्रयागराज के लिए रवाना हुई।
झांसी में कुछ देर रुकने के बाद पुलिस लाइन से रवाना हुआ अतीक अहमद का काफिला, साथ में हैं 45 सदस्यीय पुलिस टीम
प्रयागराज पुलिस माफिया से नेता बने अतीक अहमद के भाई अशरफ को बरेली जिला कारागार लेने पहुंची।
उत्तर प्रदेश: प्रयागराज पुलिस माफिया से नेता बने अतीक अहमद के भाई अशरफ को बरेली जिला कारागार लेने पहुंची।
— ANI_HindiNews (@AHindinews) March 27, 2023
उत्तर प्रदेश कोर्ट के आदेश के मुताबिक अपहरण के एक मामले में 28 मार्च को फैसला सुनाया जाएगा। pic.twitter.com/I49UGtihzi
झांसी के एक थाने में रुका अतीक अहमद का काफिला
#WATCH | Madhya Pradesh: The team of Prayagraj Police, taking mafia-turned-politician Atiq Ahmed to UP from Ahmedabads Sabarmati Jail, briefly halted in Shivpuri earlier this morning.
— ANI MP/CG/Rajasthan (@ANI_MP_CG_RJ) March 27, 2023
As per a UP Courts order, the verdict in a kidnapping case will be pronounced on March 28.… pic.twitter.com/l1xzTgLVX9
बरेली जिला जेल से माफिया अतीक अहमद के भाई अशरफ को प्रयागराज ले जाने को लेकर जिला जेल में अलर्ट है। सुबह से ही जिला जेल रोड पर फोर्स तैनात है। जिला जेल के मुख्य द्वार पर बिथरी चैनपुर थाने की पुलिस व जेल के पुलिसकर्मी डेरा डाले हुए हैं। बता दें कि अशरफ जुलाई 2020 से जिला जेल में बंद है। प्रयागराज में माफिया अतीक अहमद, अशरफ समेत अन्य पर लिखी अपहरण मामले में 28 मार्च यानी मंगलवार को प्रयागराज कोर्ट में सुनवाई होनी है। इसी मामले में कोर्ट के आदेश पर अशरफ को प्रयागराज ले जाया जाएगा। प्रयागराज पुलिस की टीम बरेली पहुंच चुकी है। जेल पर पुलिस फोर्स के साथ पीएसी तैनात है।

अशरफ को ले जाने के लिए बरेली जेल में दाखिल हुई प्रयागराज पुलिस की टीम।

कोर्ट के आदेश की कॉपी लेकर प्रयागराज से पहुंचे अशरफ के अधिवक्ता हिमांशु त्रिपाठी, आशीष श्रीवास्तव व राज शर्मा।
अतीक को प्रयागराज लाए जाने को लेकर पुलिस के साथ ही खुफिया एजेंसी भी अलर्ट हो गई है। एजेंसी से जुड़े अधिकारी अपने-अपने स्तर पर इनपुट जुटा रहे हैं। इसके साथ ही अतीक के करीबियों और सहयोगियों की गतिविधि पर नजर रखी जा रही है।
अतीक अहमद को साबरमती जेल से उप्र लाए जाने के दौरान गाड़ी पलटने की आशंका पर पुलिस महानिदेशक डीएस चौहान ने कहा है कि उप्र पुलिस की फ्लीट आधुनिक फ्लीट है और हमारी गाड़ियां नहीं पलटती हैं। पलटते हैं तो अपराधी।
राजू पाल हत्याकांड के गवाह रहे उमेश पाल और उसके दो सरकारी गनर की 24 फरवरी को हत्या में अतीक अहमद, उसके भाई अशरफ और पत्नी शाइस्ता समेत अन्य को नामजद किया गया। जांच में भी साबित हुआ कि अतीक जेल से इंटरनेट कॉल के जरिए इस साजिश में शामिल रहा।
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नैनी सेंट्रल जेल में अतीक अहमद को हाई सिक्योरिटी बैरक में रखा जाएगा। इस बैरक में सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहेंगे। साथ ही वीडियो कैमरों से निगरानी होती रहेगी। नैनी जेल में अतीक अहमद पहले भी कई बार बंद रहा है। हर बार गिरफ्तारी के बाद पहले उसे नैनी जेल में ही रखा जाता था, जहां उसके हर आदेश का पालन होता था। हालांकि अब हालात अलग हैं। मौजूदा समय में अतीक का दूसरे नंबर का बेटा अली भी इसी जेल में बंद है। वरिष्ठ जेल अधीक्षक शशिकांत सिंह ने इस पर कहा कि उन्हें शाम तक शासन से कोई आदेश नहीं मिला है।
साबरमती जेल से लाकर प्रयागराज की एमपी-एमएलए कोर्ट में 28 मार्च को पेश करने के बाद अतीक अहमद को नैनी सेंट्ल जेल में रखा जा सकता है। सब कुछ उमेश पाल अपहरण कांड में अदालत के निर्णय और आदेश पर निर्भर करेगा।
अतीक अहमद को करीब चार साल बाद प्रयागराज लाया जा रहा है। लखनऊ के बिल्डर मोहित जायसवाल को अगवा कर देवरिया जेल में लाकर पीटने की घटना के बाद सुप्रीम कोर्ट ने अप्रैल 2019 में आदेश दिया था कि अतीक को उत्तर प्रदेश से दूर गुजरात की किसी उच्च सुरक्षा वाले जेल में भेजा जाए। इसके बाद नैनी जेल में बंद अतीक अहमद को तीन जून 2019 को वाराणसी में बाबतपुर एयरपोर्ट ले जाकर विमान से अहमदाबाद पहुंचाया गया था।
