अलीगढ़, जागरण संवाददाता। सामाजिक संस्था युवा पहल परिवार द्वारा 'स्वच्छ पर्यावरण स्वस्थ पर्यावरण' कार्यक्रम के अंतर्गत वन महोत्सव धूमधाम से मनाया गया अतरौली के गनियावली स्थित वनखंडी महादेव मंदिर बगीची पर वन महोत्सव का आयोजन किया गया। जिसमें मुख्य अथिति आरएएफ अलीगढ़ के कमांडेंट अजय कुमार शर्मा ने अपनी पत्नी पूजा शर्मा के साथ पौधा रोपण कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। संस्था के अध्यक्ष इंजीनियर हिमांशु मित्तल गुप्ता व संरक्षक प्रो. दिनेश गुप्ता ने अतिथियों को तुलसी के पौधे भेट किए। वन महोत्सव के दौरान अर्जुन, जामुन, पीपल, बरगद, जामुन, गुलमोहर, पापड़ी, कत्था आदि के पौधे लगाए गए। कार्यक्रम में उपस्थित लोगो को पौधों को गोद देकर इनमे पानी देने और इनकी देखभाल करने की ज़िम्मेदारी सौपी और पर्यावरण संरक्षण की शपत दिलाई।

पर्यावरण का संरक्षण हम सबकी जिम्‍मेदारी

कमांडेंट अजय कुमार शर्मा ने कहा पर्यावरण का संरक्षण हम सब ही नैतिक जिम्मेदारी हैं। प्रकृति से ही हमारा अस्तित्व है, बिना पर्यावरण के जीवन की कल्पना बेईमानी हैं। हम प्रकृति का अध्ययन करें, प्रकृति से प्रेम करें, प्रकृति के करीब रहें यह आपको कभी विफल नहीं होने देगी। पर्यावरण संरक्षण के लिए हम सभी को संयुक्त रूप दृढ़ संकल्पित होना होगा। हम एक कदम बढ़ाए आगे आए वृक्ष लगाएं उनकी देखभाल कर पर्यावरण को संरक्षित करने में अपना भरपूर योगदान दें।

हमें आसपास पर्यावरण स्‍वच्‍छ बनाना होगा

इंजीनियर हिमांशु मित्तल गुप्ता ने कहा वृक्षो से हमे प्राण वायु मिलती है, प्राकृतिक बीच मे शांति की अनुभूति होती हैं। प्राण वायु, शांति, छाया सब को अच्छी लगती हैं पर पेड़ को हम नही लगाना चाहते उनकी देखभाल नही करना चाहते कल प्रकृति के लाभों का आनंद लेने के लिए हम को आज प्रकृति का पोषण करना होगा। जगह-जगह अधिक से अधिक पौधे लगाकर प्रकृति को सुंदर बनाना हमारा पहला सर्वप्रथम काम होना चाहिए। आस-पास पर्यावरण को स्वच्छ बनाना होगा और उसकी देखभाल करनी होगी। प्रकृति और पर्यावरण के प्रति संवेदनशील रवैया अपना कर इन प्राकृतिक आपदाओं से बचा जा सकता हैं। सभी लोग हर साल एक से पांच पौधै लगाने की आदत बना लें। अपने या अपने निकटतम के जन्मदिन पर पौधे लगाने चाहिए। पौधे लगाने के दौरान नोविल कुमार, वीरेंद्र कश्यप, दीपक कुमार, बौबी कुमार, हंसराज सिंह, रामबाबू, ठाकुर रावल, सतीश लोधी, अखलेश कुमार, नदीम खान आदि मौजूद रहे।

Edited By: Anil Kushwaha