अलीगढ़, जागरण संवाददाता । राजकीय औद्योगिक एवं कृषि प्रदर्शनी (नुमाइश) के आगे बढ़ने की इस बार गुंजाइश कम है। कोरेाना के बढ़ते मरीज व विधानसभा चुनाव के एलान के चलते प्रशासन इस बार निर्धारित समय पर ही समापन की तैयारी कर रहा है। ऐसे में सोमवार को समापन हो जाएगा। कई सालों बाद यह पहला मौका है, जब पूर्व निर्धारित समय पर समापन हो रहा है। हर साल वैसे चार दिन नुमाइश में जरूर होती है। सिटी मजिस्ट्रेट प्रदीप वर्मा ने बताया कि अभी नुमाइश बढ़ाने को लेकर कोई निर्णय नहीं हुआ है। रविवार को इस पर निर्णय होगा।

पश्‍चिमी यूपी में काफी प्रसिद्ध है अलीगढ़ का नुमाइश

गंगा-जमुनी तहजीब की प्रतीक अलीगढ़ की नुमाइश पश्चिमी यूपी में काफी प्रसिद्ध है। यहां पर हर साल कई शहरों के लोग नुमाइश देखने आते थे। वैसे हर साल जनवरी फरवरी में नुमाइश का आयोजन होता है, लेकिन प्रशासन ने विधानसभा चुनाव के चलते एक महीने पहले आयोजन कराने का फैसला लिया है। ऐसे में प्रशासन ने इस बार 19 दिसंबर से लेकर 10 जनवरी तक नुमाइश लगाने का फैसला हुआ। प्रशासन ने निर्धारित समय पर इसकी शुरुआत करा दी। शुरुआत में लग रहा था कि नुमाइश को कुछ दिन आगे बढ़ाया जा सकता हैं, लेकिन पिछले चार पांच दिनों से कोरोना के मरीज निकलने शुरू हो गएहैं। अब शनिवार को आचार संहिता भी लग गई है। ऐसे में इस बार नुमाइश के आगे बढ़ने की संभावना है। सिटी मजिस्ट्रेट प्रदीप वर्मा ने बताया कि अभी नुमाइश बढ़ाने को लेकर कोई निर्णय नहीं हुआ है। रविवार को इस पर निर्णय होगा। हालांकि, इस बार नुमाइश बढ़ने की उम्मीद कम ही है। अब कोरोना के मरीज तेजी से बढ़ रहे हैं। वहीं, प्रशासन चुनाव में जुट गया है।

नाइट कफ्र्यू ने बिगाड़ा काम

शुरुआत में नुमाइश में अच्छी भीड़-भाड़ रही थी, लेकिन कुछ दिनों बाद ही शासन स्तर से नाइट कफ्य्रू लागू हो गया। इसके चलते जो नुमाइश रात को एक से डेढ़ बजे तक चलती थी, वह अब तक महज 11 तक ही चल रही है। दुकानदारों को इससे काफी नुकसान हुआ है।

Edited By: Anil Kushwaha