अलीगढ़, जेएनएन । मंगलायतन विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित की जा रही सेमिनार श्रृंखला के तहत वक्ताओं ने व्याख्यान प्रस्तुत किए।

महिलाओं के लिए कोरोना काल चुनौतीपूर्ण रहा

अनुसंधान और शिक्षा विभाग से नियति शर्मा ने कहा कि कोविड-19 महिलाओं के लिए यह दौर काफी चुनौतीपूर्ण है, खासतौर पर नौकरीपेशा वाली महिलाओं के लिए। लॉकडाउन में नौकरीपेशा महिलाएं घर से काम करते हुए ऑफिशल काम करती हैं, तो वहीं घर व परिवार का पूरा ध्यान रखा है। आईबीएम विभाग की प्रवक्ता डा. सारा कमल ने कहा कि पिछले कई दशकों में व्यावसायिक संगठनों ने अभूतपूर्व परिवर्तनों का अनुभव किया है। लाइब्रेरी एंड इनफार्मेशन साइंस विभाग से प्रवक्ता डा. दीपमाला ने कहा कि पुस्तकालय और समाज आपस में जुड़े हुए हैं और स्वतंत्र हैं। पुस्तकालय एक सामाजिक संस्था है जो पुस्तकों, पत्रिकाओं आदि के रूप में सन्निहित सभी व्यक्त विचारों को इकट्ठा करने, व्यवस्थित करने, संरक्षित करने, सामाजिक बनाने और उनकी सेवा करने का कार्य करती है।

टीबी के प्रसार को कम करने का प्रयास जारी

डायरेक्टर आईबीएमईआर प्रो. आरके शर्मा ने कहा कि टीबी के प्रसार को कम करने की दिशा में काम जारी है। टीबी का उपचार संक्रमण की प्रकृति पर निर्भर करता है। प्रवक्ता डा. संतोष कुमार गौतम ने बताया कि विकास संचार का उपयोग राष्ट्रीय विकास के लिए किया जाता है। उन्होंने कहा कि संचार या जनसंचार माध्यमों का उपयोग लोगों की सामाजिक-आर्थिक स्थिति में सुधार के लिए किया जाता है। इस दौरान प्रो. गुरूदास उल्लास, डा. अशोक कुमार उपाध्याय, डा. दीपशिखा सक्सेना आदि थे।

Edited By: Anil Kushwaha