अलीगढ़ : इगलास तहसील मुख्यालय पर प्रदेश में शराब बंद करने की मांग को लेकर चल रही भूख हड़ताल व धरना दूसरे दिन भी जारी रहा। छात्र नेता व युवाओं द्वारा धरनास्थल पर पहुंच कर प्रदेश में शराब बंदी की मांग को समर्थन दिया गया। गांव कजरौठ निवासी विश्वजीत सिंह उर्फ केके द्वारा तहसील मुख्यालय पर धरना देते हुए भूख हड़ताल शुरू की गई है। उनकी मांग है कि पूरे प्रदेश में शराब पर प्रतिबंध लगना चाहिए। गुरुवार को छात्र नेता आदेश चौधरी युवाओं के साथ धरनास्थल पर पहुंचे और अपना समर्थन दिया। कहा, शराब युवाओं के भविष्य को खोखला कर रही है, जिस घर में एक शराबी हो जाए वह पूरे परिवार की बर्बादी के लिए काफी है। नशा महिला उत्पीड़न को बढ़ावा देता है और हिसा की ओर लेकर जाता है। इस दौरान शराब बंदी को लेकर नारेबाजी की गई। वहीं प्रशासन स्तर से धरना स्थल पर कोई नहीं पहुंचा। इस मौके पर नितिन अग्रवाल, धर्मेंद्र चौधरी, बिजेंद्र सिंह, किशन सिंह, विकास चौधरी, विशाल चौधरी आदि लोग उपस्थित थे।

ठेके बंद कराने की मांग

को लेकर ज्ञापन दिया

संसू, पिसावा : क्षेत्र के गांव शादीपुर में जहरीली शराब पीने से हुई अनेक लोगों की मौत को लेकर गुरुवार को रालोद कार्यकर्ताओं द्वारा धरना प्रदर्शन किया गया, जिसके बाद मौके पर पहुंचे थाना प्रभारी जितेंद्र सिंह भदौरिया को शराब से मृतकों के स्वजन को मुआवजा दिलाने एवं क्षेत्र के शराब ठेके बंद कराने की मांग करते हुए डीएम के नाम ज्ञापन दिया गया। प्रदर्शन में अनुसूचित मोर्चा के जिलाध्यक्ष अशोक कुमार बाल्मीकि, चिकित्सा प्रोकोष्ठ के जिलाअध्यक्ष राजेश कुमार तोमर, गोल्डी कुमार, अमित कुमार आदि लोग रहे।

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