जागरण संवाददाता, अलीगढ़ : आजाद हिद फौज के संस्थापक व महान स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाषचंद्र बोस की 125वीं जयंती पर रविवार को जनपद में विभिन्न कार्यकर्मों का आयोजन हुआ। उनकी जयंती को पराक्रम दिवस के रूप में मनाया गया। वक्ताओं ने उनके जीवन और कार्यों पर प्रकाश डाला। कहा, नेताजी का जीवन भावी पीढि़यों को हमेशा प्रेरणा देता रहेगा।

प्रशासन की ओर से विकास भवन सभागार में हर्षोल्लास के वातावरण में जयंती पराक्रम दिवस के रूप में जयंती को मनाया गया। जिला विकास अधिकारी भरत कुमार मिश्रा की अध्यक्षता में सर्वप्रथम नेताजी सुभाष चंद्र बोस के चित्र पर फूल मालाएं चढ़ाई गईं। उन्होंने कहा कि नेताजी ने अपने अदम्य साहस और योगदान से करोड़ों लोगों में स्वतंत्रता की अलख जगाई। उनका संपूर्ण जीवन भावी पीढि़यों के लिए हमेशा प्रेरणा बना रहेगा। नेताजी ने कहा था कि आजादी मांगने से नहीं, छीनने से मिलेगी। इसी उद्देश्य से उन्होंने आजाद हिद फौज का गठन किया था। इस दौरान स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के स्वजन योगेंद्र सिंह चौहान, सुरेंद्र कुमार शर्मा, धर्मेंद्र कुमार वाष्र्णेय को फूलमाला एवं शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डा. चंद्रवीर सिंह, एडीडीओ संध्या रानी बघेल, सुनील कुमार कनौजिया, सुशीला देवी, नवनीत शर्मा, नवीन गुप्ता, हरिप्रेम आदि कर्मचारी उपस्थित रहे।

मिठाई बांटी गई : विक्रम कालोनी रामघाट रोड स्थित सस्मित न्यूरो केयर एवं सुपर स्पेशलिटी सेंटर में वरिष्ठ न्यूरो सर्जन डा. संजीव शर्मा ने नेताजी के चित्र पर माल्यार्पण कर मिष्ठान वितरण किया। डा. संजीव ने कहा, नेताजी का जीवन देश के लिए जीने, प्यार करने, लड़ने तथा जरूरत पड़ने पर अपने प्राणों को न्योछावर करने के लिए प्रोत्साहित करता है। ऐसे सच्चे देशभक्त को आजादी के बाद जो सम्मान मिलना चाहिए था, वह उन्हें नहीं मिला। मीनाक्षी शर्मा, सस्मित शर्मा, डा. अभय भारद्वाज, दीपक शर्मा, अशोक कुमार, मोहम्मद शोएब, पूजा, कुलदीप, योगेंद्र, अंकुर, बबीता, अंशु, गरिमा, नाहिद, सौरभ, लोकेश आदि उपस्थित रहे।

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