अलीगढ़, जेएनएन। कोविड 19 से प्रभावित बच्चों की सुरक्षा व देखभाल के लिए सभी धर्म गुरुओं ने जनता से अपील की है। शनिवार को महिला एवं बाल विकास विभाग उत्तर प्रदेश व यूनिसेफ की ओर से वर्चुअल धर्म गुरु सम्मेलन का आयोजन हुआ। यूनिसेफ उत्तर प्रदेश की चीफ आफ फील्ड आफिस रूथ लियनो ने कहा कि जिन बच्चों ने महामारी में अपने माता-पिता या दोनों में से एक को खोया है, उन्हें देखभाल व स्नेह की आवश्यकता है।

बच्चों के चेहरों पर मुस्कान लाना ही असली इबादत

महिला व बाल विकास विभाग के निदेशक मनोज कुमार राय ने कहा कि ऐसे बच्चों के लिए सरकार ने मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना शुरू की है। ऐसे किसी भी बच्चे की जानकारी 1098 अथवा 181 पर साझा करें। मनकामेश्वर मठ, लखनऊ की महंत देव्यागिरि ने कहा कि हमें सुनिश्चित करना होगा कि माता-पिता के देहांत के बाद कोई बच्चा गलत व्यक्ति अथवा संस्थान के पास न जाए। ऐशबाग ईदगाह के शाही इमाम मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने कहा कि ऐसे बच्चों के चेहरों पर मुस्कान लाना ही असली इबादत है। गुरुद्वारा गुरु का ताल आगरा के संत बाबा प्रीतम ¨सह ने कहा कि हर बच्चे को अपना समझें और उसकी रक्षा करें। इंटरफेथ डायलाग के रीजनल डायरेक्टर फादर वरगिस कुन्नाथ ने कहा कि ऐसे बच्चों को हमारी जरूरत है। उनसे प्रेम करें और उनकी सहायता करें।

घर-घर चल रहा अभियान

जिले में मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के तहत अभियान शुरू हो गया है। महिला शक्ति केंद्र की टीम घर-घर जाकर बच्चों की जानकारी प्राप्त कर रही है। केंद्र की जिला समन्वयक वंदना शर्मा ने खैर के दरकन नगरिया और गांव महगौरा में घर-घर जाकर फार्म भरवाए। महिला कल्याण अधिकारी वर्षा रानी, वन स्टाप सेंटर से सीमा अब्बास, प्रीति शर्मा, उमा शर्मा व जिला बाल संरक्षण इकाई से शैलेष वशिष्ठ, शरद कुमार आदि मौजूद रहे।