हाथरस, जेएनएन। गरीब परिवार के बच्चों को को कक्षा आठ तक बेहतर शिक्षा मिल सके। इसके लिए उनके प्रवेश शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत निजी स्कूलों में दिलाए जाते है। पिछले दिनों आरटीइ के तहत होने वाले दाखिलों की तीसरे चरण की सूची जारी कर दी गई। 96 विद्यार्थियों को लाटरी सिस्टम के तहत विद्यालय आवंटित किए गए।

यह है सरकार की योजना

कक्षा एक और प्री प्राइमरी में निश्शुल्क दाखिले निजी स्कूलों में आरटीइ के तहत दिए जाने का प्रावधान है। वर्ष 2017-18 से यह योजना जिले में बेसिक शिक्षा विभाग के अधीन संचालित है। प्रवेश दिलाने वाले विद्यालयों को ग्यारह माह की शुल्क प्रतिपूर्ति शासन द्वारा दी जाती है। तो वहीं किताब व यूनिफार्म खरीदने के लिए पांच हजार रुपये की धनराशि बच्चों के अभिभावकों के खातों में भेजी जाती है। इस सत्र में प्रथम चरण में 1094 व दूसरे चरण में 234 विद्यार्थियों के दाखिले सुनिश्चित हुए। बीएसए ने विद्यालय संचालकों को सख्त निर्देश दिए कि चयनित विद्यार्थियों को निश्शुल्क दाखिले दिलाए जाएं। जुलाई के प्रथम सप्ताह में तीसरे चरण की प्रकि्या अपनाई गई। विद्यार्थियों से आनलाइन आवेदन मांगे गए। आवेदन आने के बाद पिछले दिनों लाटरी सिस्टम से प्रवेश प्रक्रिया को पूरा किया गया। 96 पात्र विद्यार्थियों का चयन विभिन्न स्कूलों में हुआ।