अलीगढ़़, जेएनएन। पालीमुकीमपुर क्षेत्र के रायपुर खास के पास 23 अगस्त को दिल्ली के कैब चालक अशोक कुमार की हत्या के राजफाश के लिए पुलिस गायब मोबाइल फोन की सीडीआर खंगाल रही है। पुलिस का दावा है कि माेबाइल फोन से ही इस ब्लाइंड मर्डर का पता चल सकेगा। कार घटनास्थल के पास में ही खड़ी मिली है। इससे साफ है कि हत्या का उद्देश्य लूटपाट करना नहीं था। मृतक का मोबाइल फोन गायब है। फोन की सीडीआर व लोकेशन खंगाली जा रही है,जल्द घटना का राजफाश होगा।

बादलपुर (गौतमबुद्धनगर) के साधुपुर गांव निवासी 37 वर्षीय अशोक कुमार गुप्ता कैब कार चालक थे। 21 अगस्त की दोपहर चार लोगों ने कार को अतरौली तक भाड़े पर तय कर लिया। रास्ते में अशोक ने पत्नी अनीता गुप्ता को फोन पर अतरौली आने और रात तक वापस आने की बात बतायी थी। कैब चालक अशोक कुमार देर रात तक घर न पहुंचे। चिंतित स्वजन ने मोबाइल फोन मिलाया तो वह लगातार बंद जाता रहा। सुबह तक न आने पर उन्होंने इलाका पुलिस को खबर दी। खुद ही तलाश शुरू भी कर दी।

अधजली हालत में मिला शव

पालीमुकीमपुर क्षेत्र के गांव रायपुर खास के मलिखान सिंह के ईंट भट्ठे के पास रविवार शाम कुछ राहगीरों ने एक युवक का शव जलते हुए देखा। उन्होनंे शाेर मचाया और आग को बुझा लिया। हालांकि सीने व पेट के आस-पास काफी हिस्सा जल भी गया था। जेब से मिले आधार कार्ड पर मिले नाम, पते के आधार पर कैब चालक अशोक के स्वजन को इलाका पुलिस ने जानकारी दी थी।

कार चालक अशोक कुमार गुप्ता की सिर में चोट पहुंचाकर हत्या की गई है। हत्यारों ने साक्ष्य छिपाने की खातिर शव काे जलाने का भी प्रयास किया था। कार घटनास्थल के पास में ही खड़ी मिली है। इससे साफ है कि हत्या का उद्देश्य लूटपाट करना नहीं था। मृतक का मोबाइल फोन गायब है। फोन की सीडीआर व लोकेशन खंगाली जा रही है,जल्द घटना का राजफाश होगा।

- देवी गुलाम, सीओ छर्रा