आगरा, जेएनएन। अगर आपको करवाचौथ के दिन यमुना एक्सप्रेस वे से सुबह सफर करना है तो यात्रा को कुछ घंटों के लिए टाल दें। अरुणाचल प्रदेश में तैनात मथुरा के जवान जीतू सिंह के परिजन ग्रामीणों के साथ एक्सप्रेस वे पर आ डटे हैं। लोगों ने एक्सप्रेस वे को जाम कर दिया है। सैनिक की अरुणाचल प्रदेश में सड़क दुर्घटना में मृत्यु हो जाने के बाद पार्थिव शरीर गुरुवार सुबह मथुरा पहुंचा तो परिजन सैनिक के अंतिम संस्कार के लिए जमीन की मांग करने लगे। दूसरी तरफ उनमें गुस्सा इस बात को लेकर भी है कि कोई भी प्रशासनिक अधिकारी सैनिक के गांव नहीं पहुंचा है।  दोनों ही तरफ कई किलोमीटर तक वाहनों की कतार लग गईं। करीब तीन घंटेे तक जाम के बाद पुलिस प्रशासन ने हल्‍का बल प्रयोग कर ग्रामीणों से एक्‍सप्रेसवे को मुक्‍त कराया। इधर यमुना एक्‍सप्रेेेस अथॉरिटी ने अलग अलग कटों से वाहनों से निकलवाया। सुबह करीब 10.15 बजे एक्‍सप्रेसवे पर वाहनों का आवागमन सुचारू हो सका।    

राजपूताना रेजीमेंट के जवान जीतू सिंह की तैनाती अरुणाचल प्रदेश में थी। वे मूल से रूप से मथुरा के मांट थाना क्षेत्र के अंतर्गत जेसवां के रहने वाले थे। सेना की कॉनवॉय में शामिल एक वाहन के टेंगा इलाके में खाई में पलट जाने के दौरान जीतू सिंह की मृत्यु हो गई। जवान जीतू के पार्थिव शरीर को गुरुवार सुबह पैतृक गांव जेसवाँ लाया गया। गांव में सैनिक के पार्थिव शरीर के आते ही ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा।

सैकड़ों ग्रामीण एकत्र होकर यमुना एक्सप्रेस वे पर चढ़ गए। यमुना एक्सप्रेसवे पर ग्रामीणों ने यातायात ठप कर दिया। यहां तक कि सर्विस रोड पर भी आवाजाही बंद कर दी। ग्रामीणों का आक्रोश इस बात को लेकर था कि सैनिक जीतू का अंतिम संस्कार कराने के लिए कोई भी प्रशासनिक अधिकारी नही पहुंचा था। ग्रामीण अंतिम संस्कार के लिये जमीन की मांग कर रहे हैं। यमुना एक्सप्रेसवे पर वाहनों की लंबी कतार लग गई है। एंबुलेंस भी जाम में फंस गई, मगर ग्रामीणों ने उसको निकलवा दिया। जाम की सूचना पर पहुंचे सीओ मांट की ग्रामीणों से झड़प हो गई। एक्सप्रेस वे पर हंगामा जारी है। दूसरी तरफ जाम में फंसे यात्रियों का हाल बुरा हो रहा है।  

Posted By: Prateek Gupta

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस