जागरण संवाददाता, आगरा: गुरुवार सुबह नौ बजे रुनकता की ओर से तेज गति से आ रहे बड़े ऑटो के डाले पर चार सवारियां लटकी हुई थीं। सिकंदरा थाने से ठीक पहले बने ब्रेकर पर ऑटो उछलने से एक सवारी का पैर फिसल गया और वह नीचे गिर पड़ा। पीछे आ रही कार अगर ब्रेक नहीं लगाती तो गंभीर हादसा हो सकता था।

ऐसा किसी एक रूट पर नहीं है। हाईवे से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों को जोड़ने वाले रास्तों पर ऐसे हादसे आम हैं। ट्रैफिक पुलिस हो या परिवहन विभाग दोनों का इस ओर कोई ध्यान नहीं है। रामबाग से खंदौली की ओर जाने वाले रास्ते पर जीप, बड़े ऑटो जमकर दौड़ लगाते हैं। अधिकतर में पीछे सवारियां लटकी होती हैं। पिछले दिनों डाला टूटने से चार लोग गंभीर घायल हुए थे। इसके बाद भी कोई सख्ती नहीं हुई। परिवहन अधिकारी और ट्रैफिक पुलिस ने जैसे आंखे मूंद रखी हैं। सिकंदरा से खंदारी, भगवान टाकीज होते हुए वाटर व‌र्क्स तक भी जमकर डग्गामारी होती है। छोटे ऑटो एमजी रोड पर प्रतिबंधित हैं, लेकिन दूसरे क्षेत्रों में ये पिक और ड्राप के लिए सवारियां बैठा सकते हैं। बिजली घर चौराहे से जीप, मैजिक, बसें और दूसरे वाहनों पर सवारियां लटक कर सफर करती हैं। इन रूटों पर कई बार रोडवेज बसों से सवारियां बैठाने के लिए भी झगड़ा होता है। अनाधिकृत वाहनों पर नकेल कसने के लिए निरंतर अभियान चलाए जा रहे हैं। इसके साथ ही लोडिंग, डग्गेमार वाहनों पर भी कार्रवाई की जा रही है।

अनिल कुमार, आरटीओ प्रवर्तन मिट्टी के ढेर से उतरने पर फिसली मोटरसाइकिल

हाईवे पर मंडी के सामने दूसरी ओर सड़क निर्माण के लिए मिट्टी का ऊंचा ढेर है। इस पर कुछ दूरी तक सड़क निर्माण के लिए गिट्टी डाल दी गई है। गुरुवार को रंगोली कॉलोनी के पास एक मोटरसाइकिल सवार रुनकता की ओर से मिट्टी के ढेर पर ही दौड़ता आ रहा था। उसने मंडी की ओर जाने के लिए हाईवे पार करने को जैसे ही मोटरसाइकिल उतारी तो वह फिसल गई। दूसरी ओर से आ रहे वाहनों ने ब्रेक लगा गंभीर हादसा होने से बचा लिया।

By Jagran