आगरा, जेएनएन। पुलिस वालों की लूट को अभी एक सप्ताह भी नहीं बीता था कि तीन वर्दी वालों ने खाकी पर दाग लगा दिया। फीरोजाबाद के पचोखरा में पकड़े गए चोरों ने जब पुलिस की पोल खोली तो कप्तान भी हैरान रह गए। बाइक चुराने वाले गैंग से तीन वर्दी वालों का गठजोड़ था। ये तीनों चोरी की बाइक लेकर बाजार में सौदा करते थे। थाने और पुलिस लाइन में तैनात दो सिपाहियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करते हुए उन्हें निलंबित कर दिया गया है। वहीं एक सिपाही आगरा में तैनात है। पोल खुलने की भनक लगते ही जिले में तैनात दोनों पुलिस वाले फरार हो गए।

पचोखरा पुलिस ने गुरुवार रात बाइक चोरों के गैंग को पकड़ा था। पकड़े गए चार चोरों की निशानदेही पर 11 बाइक बरामद की गईं। इसके बाद चोरों से पूछताछ हुई तो पोल खुलती गई। एसएसपी अशोक शुक्ला ने बताया कि गौतम कुमार, सगे भाई रजत कुमार व राहुल निवासी देवखेड़ा पचोखरा और संतोष कुमार निवासी आंबेडकर पार्क पचोखरा को गिरफ्तार किया गया था। इन्होंने बताया कि थाना पचोखरा के तीन सिपाही दलवीर सिंह, सुरेन्द्र सिंह और प्रवीन से इनका गठजोड़ था। चोरी की गई बाइक को तीनों सिपाही लेते थे और कुछ दिन चलाने के बाद बाजार में बेच देते थे। चोरों के साथ तीनों सिपाहियों पर भी मुकदमा दर्ज किया गया है। एसएसपी ने बताया कि आरोपित सुरेंद्र कुमार पुलिस लाइन और प्रवीन पचोखरा थाने में तैनात है। दोनों को निलंबित कर दिया गया है। वहीं आगरा पुलिस लाइन में तैनात कांस्टेबल दलवीर के खिलाफ कार्रवाई के लिए आगरा एसएसपी को पत्र भेजा गया है।

ये था वर्दी वालों का तरीका

वाहन चोरों और सिपाहियों में गठजोड़ प्लानिंग के तहत काम करता था। चोरी की गई बाइक सिपाहियों तक पहुंचा दी जाती थी। इसके बाद सिपाही कुछ दिन तक बाइक चलाते थे। इसके बाद बाजार में सौदा कर दिया जाता था। पुलिस वाले की बाइक होने के कारण खरीदार शक नहीं करता था। पुलिस वाले एक बाइक के तीन से चार हजार रुपये चोरों को देते थे। अब तक कई बाइक इस तरह बेची गई हैं। जिले के अलग-अलग क्षेत्रों से बाइक चुराते थे।

लाइन हाजिर हुआ था सुरेंद्र, छुट्टी पर है प्रवीन

चोरों के साथी वर्दी वालों में शामिल सुरेंद्र कुमार पिछले महीने थाने से लाइन हाजिर हुआ था। वहीं प्रवीन चार दिन पहले छुट्टी गया था। कांस्टेबल दलवीर का छह माह पहले आगरा तबादला हुआ था।

मीडियाकर्मी भी जुड़े थे गिरोह से

एसएसपी ने बताया कि जांच में यह सामने आया है कि पुलिस वालों के साथ-साथ कुछ मीडियाकर्मी भी इस गिरोह से जुड़े थे। उनके पास भी चोरी की बाइक हैं। उनकी जांच कर कार्रवाई की जाएगी।

इसी महीने वसूली में एसएसपी ने सर्विलांस टीम प्रभारी को भेजा था जेल

जिला पुलिस की सर्विलांस टीम प्रभारी विक्रांत तोमर, हैड कांस्टेबल आशीष और सिपाही लवकुमार ने शिकोहाबाद में शराब के ठेका संचालक से एक लाख की वसूली की थी। मामला जानकारी में आने के बाद एसएसपी ने प्रभारी विक्रांत तोमर और हैड कांस्टेबल को गिरफ्तार करवा कर भ्रष्टाचार अधि. में जेल भेजा था। वहीं सिपाही लवकुमार फरार चल रहा है।

‘किसी भी तरह के अपराध में लिप्त वर्दी वालों को बख्शा नहीं जाएगा। वाहन चोर गिरोह के दर्ज मुकदमे में तीनों सिपाहियों को शामिल किया गया है। जिले में तैनात दोनों सिपाहियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा। मीडियाकर्मियों के नाम सामने आए हैं, उनकी भी जांच की जा रही है।’ अशोक शुक्ला, एसएसपी

Edited By: Prateek Gupta