आगरा, जागरण संवाददाता। मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के नाम अपने संबोधन में जिस योजना का जिक्र किया है वो योजना पूरी तरह से आम लोगों के लिए है। इसमें दो राय नहीं है कि एक राष्‍ट्र एक राशन कार्ड योजना वैश्विक महामारी कोरोना वायरस के इस वक्‍त में आम लोगों के लिए बड़ी राहत की वजह बन रही है। सीएम दीपिका मित्‍तल के अनुसार मोदी सरकार की इस योजना से लाभार्थी देश के किसी भी हिस्से में किसी भी राशन डीलर से अपने कार्ड पर राशन ले सकते हैं। लाभार्थियों को अपना पुराना राशन कार्ड सरेंडर नहीं करना होगा और पुराने कार्ड की जगह नया राशन कार्ड बनवाना होगा।

भारत का कोई भी नागरिक कर सकता है अप्लाई

अगर आप भारत के नागरिक हैं, तो इस राशन कार्ड के लिए अप्लाई कर सकते हैं। माता-पिता के राशन कार्ड में 18 साल से कम उम्र के बच्चों को जोड़ा जाएगा।

पहले यह था नियम

इससे पहले जिस जिले का राशन कार्ड बना होता था, आपको उसी जिले में राशन मिल सकता था। वहीं अगर आप जिला बदल लेते थे तो इसका फायदा आपको नहीं मिलता। इससे गरीबों को आसानी से सस्ती कीमत पर अनाज मिलता है। एक देश, एक राशन कार्ड लागू होने के बाद गरीबी रेखा के नीचे वाले लोग किफायती कीमत पर देश के किसी कोने में राशन खरीद सकते हैं।

ऐसे होगी लाभार्थियों की पहचान

इस सरकारी योजना के तहत पीडीएस के लाभार्थियों की पहचान उनके आधार कार्ड पर इलेक्ट्रॉनिक प्वाइंट ऑफ सेल (PoS) से की जाएगी। देश में इस योजना को लागू करने के लिए सभी पीडीएस दुकानों पर पीओएस मशीनें लगाई जाएंगी। जैसे ही राज्य सभी पीडीएस दुकानों पर पीओएस मशीन की रिपोर्ट देंगे, वैसे ही उन्हें 'एक देश, एक राशन कार्ड' योजना में शामिल कर लिया जाएगा। अभी तक यह योजना देश के 17 राज्यों में लागू थी। ओडिशा, सिक्किम और मिजोरम को एक देश एक राशन कार्ड की सुविधा से जोड़ने के लिए विभाग ने सभी जरूरी तैयारियां पूरी करते हुए इन्हें नेशनल क्लस्टर से जोड़ दिया गया है। वहीं एक 1 अगस्त 2020 तक उत्तराखंड, नागालैंड और मणिपुर सहित तीन और राज्य इस योजना से जुड़ जाएंगे।

 

Posted By: Tanu Gupta

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