आगरा, जागरण संवाददाता। कोरोना संक्रमण के प्रकोप ने बाजार से 100 करोड़ रुपये की ईदी छीन ली। सबसे ज्यादा नुकसान रेडीमेड गारमेंट व कपड़ा और जूता बाजार को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। पिछले महीने 25 अप्रैल से शुरू हुअा सहालग फीका रहा था। इसके बाद ईद से बाजार को उम्मीदें थीं। इसके अलावा सराफा, आटो, परचूनी के बाजार को भी काफी बड़ा झटका लगा है। कोरोना कर्फ्यू के चलते अधिकांश बाजार बंद हैं। लोग संक्रमित होने के डर से लोग घरों से बाहर नहीं निकल रहे हैं। जिन व्यापारियों नेे बाहर से माल का आर्डर देकर पहले ही स्टाक कर लिया था। उनका सारा माल गोदामों में बंद पड़ा हुआ है। जो उन्हें अब कई महीने तक बिकने की उम्मीद नहीं है।

इस तरह छिनी बाजार की ईदी

50 करोड़: रेडीमेड और कपड़ा बाजार को हुआ नुकसान

40 करोड़: जूता उद्योग को हुअा है नुकसान

5 करोड़: आटो सेक्टर को नुकसान, लोग ईद से पहले चांद रात पर नई गाड़ी खरीदते हैं।

3 करोड: सराफा बाजार से लोग जेवरात खरीदते हैं।इस बार नहीं खरीद रहे।

2 करोड़: सूखे मेवे और सिवईं की होती है बिक्री। इस बार बहुूत कम बिक्री

इस तरह पड़ी कोरोना की मार

3000: आगरा में रेडीमेड गारमेंट की दुकाने हैं। जिन्होंने सहालग और ईद के चलते अपना माल तैयार करके गोदाम में स्टाक कर लिया था। यह सब माल अब गोदामों में पड़़ा हुअा है।

2000: हींग की मंडी में जूते की दुकाने व छोटे-बड़े कारखाने हैं। यहां से महाराष्ट्र, कर्नाटक, आंध प्रदेश, गुजरात व गोवा समेत अन्य राज्यों में माल भेजा जाता है। इस बार वहां माल नहीं जा सका।

1500: जिले में सराफा की छोटी-बड़ी दुकाने हैं, यहां से जेवरात खरीदे जाते है।

कोरोना संक्रमण काल से जूता मार्केट को करोड़ों का नुकसान हुआ है। यहां से ईद पर महाराष्ट्र, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश समेत अन्य राज्यों में माल जाता था। इस बार सारा तैयार माल यहीं रह गया।

चंद्रवीर सिंह, शू ट्रेडर्स हींग की मंडी

महामारी से रेडीमेड गारमेंट बाजार को करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ है। व्यापारियों ने ईद और सहालग के चलते पहले से ही माल का स्टाक कर लिया था। उनका सारा माल गोदाम में पड़ा है।

संजीव कुमार अग्रवाल, अध्यक्ष रेडीमेड गारमेंट्स संगठन

महामारी के चलते कपड़ा व्यापारियों को करोड़ों रुपये का माल गोदाम में पड़ा रह गया। व्यापारियों ने यह माल ईद और सहालग में बिक्री के लिए पहले से स्टाक कर लिया था।

विनय कामरा, युवा प्रदेश अध्यक्ष उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल