आगरा पुलिस का खेल, ठगी के आरोपी भेजे जेल; 14 लाख के जेवर खुद हड़पे
आगरा में एक सर्राफ ने पुलिस पर 14 लाख रुपये के सोने के जेवरात हड़पने का आरोप लगाया है। पुलिस ...और पढ़ें

सांकेतिक तस्वीर का प्रयोग किया गया है।
जागरण संवाददाता, आगरा। सर्राफ से ठगी करने के आरोपितों को गिरफ्तार कर ट्रांस यमुना पुलिस ने गुडवर्क दिखाया। तीनों को जेल भेजने के बाद 14 लाख के सोने के जेवरात हड़प गई। सर्राफ के आरोपों ने पुलिस को कठघरे मेें खड़ा कर दिया है।
ताजगंज के सर्राफ का आरोप है कि मददगार बनकर आयी पुलिस ने 14 लाख का सोना बरामद किया और उसे बदल दिया। बरामदगी में नकली माल दिखाया है। डीसीपी सिटी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए एसीपी छत्ता को जांच सौंपी है।
ताजगंज के नगली कली निवासी सुनील कुमार की बीएसआर ज्वैलर्स के नाम से सराफा की दुकान है। सर्राफ ने बताया कि राजामंडी निवासी संजय वर्मा परिचित हैं। संजय ने उन्हें बताया कि उसके परिचित को दो चूडियों के सेट और एक ब्रेसलेट चाहिए।
वह 114 ग्राम वजन की सोने की आठ चूड़ियांऔर एक ब्रेसलेट लेकर 19 अगस्त की शाम को पांच बजे संजय वर्मा के साथ शाहदरा में ननुआ उर्फ लियाकत की दुकान पर गए थे। वहां लियाकत और इमरान मिले, दोनों ने जेवरात के बदले रुपये दिखाए। इसके बाद जेवरात की जांच कराने के चूड़ियां और ब्रेसलेट लेकर चले गए।
जिसका वीडियो भी उसके पास है। दोनों लोग दो घंटे तक नहीं लौटे, काल किया तो मोबाइल बंद था। उन्हें चिंता होने लगी, इस बीच संजय वर्मा भी बहाने से वहां से खिसक लिया। वह समझ गए कि धोखाधड़ी के शिकार हुए हैं, पुलिस को सूचना दे दी। पुलिस ने इमरान और संजय वर्मा को पकड़ लिया।
रात करीब 12 बजे पुलिस ने सादाबाद में दबिश देकर लियाकत उर्फ ननुआ को भी पकड़ लिया। पुलिस ने पूरा माल बरामद कर लिया। पुलिस ने उससे चूड़ियाें और ब्रेसलेट के फोटो मोबाइल पर भेजने की कहा। उनसे मिलान कराने के बाद कहा कि पूरा माल बरामद हो गया है।
सर्राफ ने बताया कि पुलिस का असली खेल माल बरामदगी के बाद शुरू हुआ। दारोगा ने तहरीर लिखवाई, कहा कि पूरा माल वापस मिल जाएगा। तहरीर में एक जोड़ी चूड़ी सेट लिखने को कहा, अधिक माल दिखाने पर जीएसटी जांच के दायरे में आना बताया। जिससे वह डर गया और पुलिस ने जैसा कहा, वैसा लिखकर दे दिया।
पूरी कार्रवाई के दौरान पुलिस ने उसे बरामद माल उस समय नहीं दिखाया। उसे घर भेज दिया गया। वह अगले दिन सुबह आठ आठ बजे दोबारा थाने पहुंचे। पुलिस का रुख बदला हुआ था। कहा कि एक जोड़ी चूड़ी ही बरामद हुई हैं। पुलिस ने 21 अगस्त को आरोपितों को जेल भेज दिया। उसे थाने बुलाकर माल दिखाया जो उसका नहीं था।
उसके होश उड़ गए, सर्राफ का आरोप है कि पुलिस ने 113 ग्राम सोने की जगह नकली माल सील किया, जिसका मूल्य कुछ हजार रुपये था। डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। एसीपी छत्ता को पूरे मामले की जांच सौंपी है। जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
जेल से छूटे आरोपित बोले, पुलिस ने बरामद किया था पूरा माल
सर्राफ सुनील कुमार ने बताया कि पुलिस द्वारा माल बरामदगी में खेल के बाद उन्होंने अपने स्तर से छानबीन शुरू की। आरोपितों के बारे में पता किया, वह जेल से छूट चुके हैं। वह आरोपित लियाकत के गांव पहुंचा। लियाकत और स्वजन ने बताया कि पुलिसवालों ने उसका घर घेर लिया था। अलमारी में रखे सारे जेवरात पुलिस ने बरामद कर लिए थे।
जेवरात के अलावा पुलिस अलमारी में रखे छह हजार रुपये भी निकालकर ले गए। सुनील ने बताया कि लियाकत और उसके स्वजन का वीडियो उसके पास है। लियाकत माल को बेच नहीं पाया था। पुलिस ने उनसे जेवरात के फोटो लिए थे। बरामदगी के बाद उनसे मिलान किया गया।
