आगरा, जागरण संवाददाता। आगरा की दीवानी परिसर में 21 वर्ष पहले हुए पुलिस के लाठीचार्ज के विरोध में 26 सितंबर को अधिवक्ता न्यायिक कार्य से विरत रहेंगे। तहसीलों में भी काम ठप रहेगा। वेंडर भी काम नहीं करेंगे। 

उच्च न्यायालय खंडपीठ स्थापना आगरा में किए जाने की मांग करेंगे

उच्च न्यायालय खंडपीठ स्थापना को लेकर आंदोलन करते अधिवक्ताओं पर पुलिस ने दीवानी परिसर में 26 सितंबर 2001 को लाठीचार्ज कर दिया था। जिसके विरोध में अधिवक्ता प्रत्येक वर्ष 26 सितंबर को काला दिवस मनाते हैं। उच्च न्यायालय खंडपीठ स्थापना संघर्ष समिति की शुक्रवार को बैठक हुई। शुक्रवार को हुई बैठक में जनपद की सभी बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने भाग लिया। 

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उन्होंने प्रस्ताव पास किया कि 26 सितंबर को दीवानी, कलक्ट्रेट, तहसील व टैक्सेशन की सभी एसोसिएशन के न्यायिक कार्य से विरत रहकर अपने-अपने प्रांगण में विराेध प्रदर्शन करेंगे। केंद्र सरकार से जस्टिस जसवंत सिंह आयोग की रिपोर्ट के अनुसार उच्च न्यायालय खंडपीठ स्थापना आगरा में किए जाने की मांग करेंगे।

बैठक में यह रहे मौजूद

अागरा बार एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रवीण श्रीवास्तव व सचिव शिशुपाल सिंह कसाना, ग्रेटर आगरा बार एसोसिएशन के अध्यक्ष दीवान सिंह बाबा,आगरा एडवोकेट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष दिलीप सिंह फौजदार, कलक्ट्रेट बार एसोसिएशन के महासचिव लोकेश शर्मा मौजूद रहे।

इसके अलावा उच्च न्यायालय खंडपीठ स्थापना संघर्ष समिति के सचिव हेमंत भारद्वाज, आगरा एडवोकेट एसोसिएशन के सचिव फूल सिंह, दुर्ग विजय सिंह भइया, अमिताभ शर्मा, वीरेंद्र फौजदार आदि भी थे। 

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फोटो स्टेट दुकानें बंद, टाइपिस्ट भी नहीं करेंगे काम

बार एसोसिएशनों के पदाधिकारियों के अनुसार टाइपिस्ट, कंप्यूटर सेंटर संचालक, फोटो स्टेट, स्टांप वेंडर्स भी काम नहीं करेंगे। 

Edited By: Abhishek Saxena