आगरा, निर्लोष कुमार। आगरा का नाम जेहन में आते ही देसी-विदेशी सैलानियों के मन में संगमरमरी सौंदर्य के प्रतिमान ताजमहल की छवि उभर आती है। यहां ताजमहल के साथ ऐसे आकर्षण और भी हैं, जो कि सैलानियों के मन में बसते हैं। पेठा-दालमोंठ हों या फिर बेड़ई-कचौड़ी, मथुरा का पेड़ा या फिर पच्चीकारी का काम। विदेशी सैलानी जहां यादगार के रूप में पच्चीकारी के काम को पसंद करते हैं तो वहीं भारतीय पेठा साथ ले जाना नहीं भूलते। अब उप्र पर्यटन भी इनके सहारे पर्यटकों को आकर्षित करने को कदम बढ़ा रहा है।श्

उप्र के पर्यटन मंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी ने उप्र के पर्यटन स्थलों को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश के सभी जिलों के सभी उत्पादों की स्क्रिप्टिंग कर छोटे-छोटे वीडियो के माध्यम से सोशल मीडिया पर प्रचार-प्रसार कराने के निर्देश दिए हैं। इन्हें देखते हुए उप्र के महानिदेशक पर्यटन एनजी रवि कुमार ने उपनिदेशक पर्यटन अमित को पत्र भेजा है। इसमें उन्हाेंने आगरा परिक्षेत्र के प्रत्येक जिले के प्रमुख पर्यटन उत्पादों यथा: ऐतिहासिक, धार्मिक, सांस्कृतिक धरोहर, हस्तकला और संगीत व नृत्य की स्क्रिप्टिंग तैयार कर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। उपनिदेशक पर्यटन के अधीन आगरा व अलीगढ़ मंडल आते हैं। उन्होंने दोनों मंडलों के जिलों के पर्यटन उत्पादों की स्क्रिप्टिंग तैयार कराई है। इनमें पर्यटन उत्पादों के रूप में हस्तशिल्प के साथ ही व्यंजनों को भी शामिल किया गया है। आगरा के हस्तशिल्प के रूप में मार्बल इनले, कार्विंग, जरदौजी को जगह मिली है तो देशभर में प्रसिद्ध पेठा, दालमोंठ, बेड़ई/कचौड़ी भी शामिल किए गए हैं। मथुरा का प्रसिद्ध पेड़ा और अलीगढ़ का ताला भी इनमें लिया गया है। इनके छोटे-छोटे वीडियो तैयार कराकर पर्यटन विभाग पर्यटकों को उप्र आने के लिए लुभाएगा।

आगरा परिक्षेत्र के प्रमुख हस्तशिल्प एवं उत्पाद

आगरा: मार्बल इनले, कार्विंग, जरदौजी, कारपेट एवं जूता, चमड़ा उद्याेग, फतेहपुर सीकरी की पंजा दरी, चिंदी दरी, मूड़ा सरकंडा। व्यंजन - पेठा, दालमोंठ, बेड़ई/कचौड़ी।

मथुरा: मिनिएचर पेंटिंग, जरी जरदौजी में बनी भगवान श्रीकृष्ण की पोशाक। व्यंजन - पेड़ा।

फीरोजाबाद: कांच की वस्तुएं, कांच की चूड़ी।

मैनपुरी: वुडन तारकशी क्राफ्ट।

एटा: घंटी क्राफ्ट जलेसर

हाथरस: ग्लास बीड ज्वैलरी (पुरदिल नगर) एवं हींग।

अलीगढ़: जरी जरदौजी एवं ताला उद्योग।

'जिलों से पर्यटन उत्पादों के रूप में हस्तशिल्प व व्यंजनों की जानकारी की गई है। इसे निदेशालय भिजवा रहे हैं। इनके छोटे-छोटे वीडियो तैयार कराकर सोशल मीडिया में पोस्ट कर पर्यटकों को आकर्षित किया जाएगा।'

-अमित, उपनिदेशक पर्यटन 

Posted By: Tanu Gupta

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस