जागरण न्यूज नेटवर्क, नई दिल्ली। आखिरकार सोमवार से ग्रैंडस्लैम टेनिस टूर्नामेंट विंबलडन की लंदन में वापसी हो रही है। पिछले साल यह टूर्नामेंट कोरोना के कारण रद हो गया था, लेकिन इस बार इंग्लैंड में कोरोना के मामले में कम होने के कारण आयोजकों ने टूर्नामेंट कराने का फैसला किया। टूर्नामेंट में 50 प्रतिशत क्षमता के साथ दर्शकों की भी स्टेडियम में वापसी होगी।

वहीं, विश्व के नंबर एक खिलाड़ी नोवाक जोकोविक और स्विट्जरलैंड के रोजर फेडरर खिताब के दावेदार होंगे। हाल ही में क्ले कोट पर फ्रेंच ओपन का खिताब जीतने वाले जोकोविक की नजरें अब फेडरर और नडाल के सिंगल्स में 20 ग्रैंडस्लैम खिताब के रिकार्ड की बराबरी करने पर रहेंगी। गत विजेता जोकोविक 19 ग्रैंडस्लैम खिताब जीत चुके हैं। फेडरर इस खिताब को जीतकर अपने कुल ग्रैंडस्लैम खिताब की संख्या 21 करने की कोशिश करेंगे।

हालांकि, स्पेनिश खिलाड़ी राफेल नडाल ने स्वास्थ्य का हवाला देकर टूर्नामेंट से हटने का फैसला किया है। वहीं, महिलाओं में अमेरिकी दिग्गज 39 वर्षीय सेरेना विलियम्स 2018 और 2019 विंबलडन फाइनल हार गई थीं और वह इस बार अपने इस दर्द को भूलाकर रिकार्ड 24वां ग्रैंडस्लैम सिंगल्स खिताब जीतने उतरेंगी। ओलंपिक खेलों से पहले ये टूर्नामेंट खास होने वाला है, लेकिन कई खिलाड़ी जो विंबलडन में खेलने वाले हैं, वो ओलंपिक खेलों में भाग नहीं ले रहे हैं। 

- नंबर गेम -

- 2018 और 2019 में विंबलडन खिताब जीतने वाले विश्व के नंबर एक खिलाड़ी नोवाक जोकोविक लगातार तीसरी बार यह खिताब जीतने की कोशिश करेंगे। जोकोविक ने विंबलडन में अपना पहला खिताब 2011 में जीता था। इसके बाद वह 2014 और 2015 में भी चैंपियन बने थे

- 39 साल के रोजर फेडरर सबसे ज्यादा बार विंबलडन सिंगल्स का खिताब जीतने वाले पहले पुरुष खिलाड़ी हैं। वह यहां 2003 से अब तक आठ बार खिताब जीत चुके हैं। फेडरर ने विंबलडन में अपना पिछला खिताब 2017 में जीता था

Edited By: Vikash Gaur