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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 16, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Surya Grahan 2025: सितंबर में इस दिन लगने जा रहा है सूर्य ग्रहण, जानिए क्या करें और क्या नहीं

Published: Sat, 16 Aug 2025 11:38 AM (IST)

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Surya Grahan 2025 Date in September Know Dos and Donts in detail
Surya Grahan 2025 Date in September Know Dos and Donts in detail

HighLights

  1. सितंबर में लगेगा साल का दूसरा सूर्य ग्रहण।
  2. शुभ नहीं मानी जाती है सूर्य ग्रहण की अवधि।
  3. सूर्य ग्रहण में नियमों का ध्यान रखना है जरूरी।

धर्म डेस्क, नई दिल्ली। सिंतबर के महीने में इस साल का दूसरा सूर्य ग्रहण (Surya Grahan 2025 Date) लगने जा रहा है। हिंदू धर्म में सूर्य ग्रहण को एक शुभ अवधि के रूप में नहीं देखा जाता है। ऐसे में इस दौरान कई तरह के नियमों का भी ध्यान रखा जाता है, ताकि इसके बुरे परिणामों से बचा जा सके। चलिए जानते हैं कि सूर्य ग्रहण के दिन आपको क्या करना चाहिए और कामों को करने से बचना चाहिए।

कब लगेगा सूर्य ग्रहण (solar eclipse date and time)

साल का दूसरा और आखिरी सूर्य ग्रहण रविवार 21 सितंबर 2025 को लगने जा रहा है। हालांकि यह सूर्य ग्रहण भारत में नहीं दिखाई देगा, इसलिए सूतक काल भी मान्य नहीं होगा। लेकिन एहतियात के तौर पर आप कुछ सावधानियां बरती सकते हैं।

जरूर करें ये काम (Surya Grahan Niyam)

माना जाता है कि ग्रहण की अवधि में सूतक काल लगने पर वातावरण में नकारात्मक ऊर्जाओं का संचार बढ़ जाता है। ऐसे में आप ग्रहण काल में तुलसी के पत्ते खाने की चीजों में डाल सकते हैं। ऐसा करने से ग्रहण के नकारात्मक प्रभाव से बचा जा सकता है।

करें ये काम

सूर्य ग्रहण के दौरान पूजा-पाठ आदि करना शुभ नहीं माना जाता। लेकिन आप इस अवधि में भगवान विष्णु का ध्यान व उनके मंत्रों का जप कर सकते हैं। इसके साथ आपको गायत्री मंत्र और महामृत्युंजय मंत्र का भी जप करना चाहिए। 

गर्भवती महिलाएं ध्यान रखें ये बातें

सूर्य ग्रहण की अवधि में गर्भवती महिलाओं को कुछ नियमों का विशेष रूप से ध्यान रखना चाहिए। इस समय में भोजन करने, दिन में सोने आदि से बचना चाहिए। साथ ही सूर्य ग्रहण के दौरान नुकीली चीजों के उपयोग से भी दूरी बनानी चाहिए और न ही सुई-धागे का उपयोग करना चाहिए।

भूल से भी न करें ये काम

सूर्य ग्रहण को कभी भी नग्न आंखों से नहीं देखना चाहिए, यह नुकसानदायक हो सकता है। इसके साथ ही ग्रहण में बाल और नाखून काटने से भी बच चाहिए और कहीं बाहर की यात्रा नहीं करनी चाहिए।  सूतक काल के नियम बालक या वृद्ध और बीमार व्यक्ति पर लागू नहीं होते।

सूर्य ग्रहण रविवार के दिन लग रहा है। ऐसे में इस दिन पर तुलसी में जल अर्पित न करें और न ही तुलसी के पत्ते तोड़ें। भोजन आदि में डालने के लिए तुलसी के पत्ते एक दिन पहले ही तोड़कर रख लें।

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अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।