उदयपुर की रीना साहू 13 साल से अकेले उठा रहीं गणेशोत्सव का खर्च, दाल-पूड़ी बेचकर जुटाती हैं रकम
उदयपुर की रीना साहू पिछले 13 सालों से अपनी मेहनत की कमाई से गणेशोत्सव का आयोजन कर रही हैं, जिसके लिए वह किसी से चंदा नहीं लेतीं।

13 साल से अकेले उठा रहीं गणेशोत्सव का खर्च।
HighLights
रीना साहू 13 साल से गणेशोत्सव का आयोजन कर रही हैं।
वह सिलाई और दाल-पूड़ी बेचकर उत्सव का खर्च उठाती हैं।
इस वर्ष गणेश के साथ दुर्गा प्रतिमाएं भी स्थापित की हैं।
जागरण संवाददाता, उदयपुर। शहर की रीना साहू पिछले 13 साल से अपनी मेहनत की कमाई से गणेशोत्सव का आयोजन कर रही हैं। खास बात यह है कि आयोजन के लिए वह किसी से चंदा नहीं लेतीं। रीना सिलाई का काम करने के साथ दाल-पूड़ी का स्टॉल लगाती हैं और इससे होने वाली कमाई से गणेशोत्सव का पूरा खर्च उठाती हैं।
रीना ने बताया कि शुरुआत में गणेशोत्सव छोटे स्तर पर आयोजित किया जाता था, लेकिन पिछले पांच वर्षों में आयोजन ने बड़ा रूप ले लिया है। अब तक वह अपनी बचत से आयोजन पर एक रुपए से लेकर दो लाख रुपए तक खर्च कर चुकी हैं। दस दिवसीय गणेशोत्सव में पूजा, प्रसादी और अन्य व्यवस्थाओं का खर्च भी वह स्वयं ही वहन करती हैं।
इस बार उन्होंने अपने निवास पर भगवान गणेश के साथ माता दुर्गा की मिट्टी की प्रतिमाएं भी स्थापित की हैं। इन प्रतिमाओं की लागत करीब 51 हजार रुपए बताई गई है। आयोजन के दौरान धार्मिक कार्यक्रमों का सिलसिला जारी रहेगा। इसी क्रम में 24 सितंबर को कृष्णपुरा में भजन संध्या आयोजित की जाएगी।
