उदयपुर, संवाद सूत्र। टी-20 विश्व कप क्रिकेट के दौरान भारत-पाकिस्तान के मैच के दौरान पाकिस्तान टीम की जीत के बाद पाकिस्तान का समर्थन करने वाली उदयपुर के एक स्कूल की शिक्षिका नफीसा अटारी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। करीब छह घंटे बाद अदालत ने उसकी जमानत अर्जी मंजूर कर ली। अदालत में बीस-बीस हजार रुपये के मुचलके और जमानत के बाद उसकी रिहाई हो गई। उदयपुर शहर की अंबामाता थाना पुलिस ने बुधवार सुबह शिक्षिका नफीसा अटारी को राष्ट्रीय एकता के खिलाफ भाषण या ऐसा कार्य करने के मामले में भादंसं की धारा 153 बी के तहत गिरफ्तार किया था। अदालत में पेश करने से पहले पुलिस ने शिक्षिका का मेडिकल कराया तथा उन्हें अदालत में पेश किया। शिक्षिका के वकील राजेश सिंघवी ने अदालत को बताया कि शिक्षिका ने मजाक में ही यह पोस्ट सोशल मीडिया पर कर दिया था। इसके लिए वह सार्वजनिक तौर पर माफी मांग चुकी हैं। इसके बाद अदालत ने बीस-बीस हजार के निजी मुचलके और जमानत पर उसकी रिहाई के आदेश जारी कर दिए।

जानें, क्या है मामला

उल्लेखनीय है कि गत रविवार को दुबई में हुए भारत-पाकिस्तान टी-20 मैच के दौरान एक स्कूल की शिक्षिका नफीसा अटारी ने पाकिस्तान की जीत पर जश्न मनाते हुए सोशल मीडिया में एक स्टेटस पोस्ट किया था। उन्होंने अपने वाट्सएप स्टेटस पर पाकिस्तान के खिलाड़ियों के फोटो के साथ 'वी वान' लगा लिया था। जिसको लेकर स्कूल के एक अभिभावक ने उनसे यह पूछा कि क्या वह पाकिस्तान को सपोर्ट करती हैं तो उन्होंने उसका जबाव भी 'यस' में लिखा। जिसको लेकर लोगों ने शिक्षिका के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज कराए जाने को लेकर प्रदर्शन भी किया। इस घटनाक्रम के बाद स्कूल के प्रबंधन ट्रस्ट ने शिक्षिका नफीसा अटारी को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त करते हुए उनकी सेवाएं समाप्त कर दीं। ट्रस्ट की ओर से जारी विज्ञप्ति में चेयरमैन ने उनके निस्कासन का मैसेज मीडिया को भी भेजा था। हालांकि शिक्षिका नफीसा ने बाद में सफाई देते हुए बताया कि कुछ समय बाद ही उन्हें अपने किए स्टेट्स की गंभीरता का अहसास हुआ तो उन्होंने स्टेटस को कुछ मिनट में ही डिलीट कर दिया। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए लोगों से माफी मांगी और कहा 'आई लव इंडिया'। उन्होंने कहा कि मेरी राष्ट्रीयता भारत में है और भारत से ही वह प्रेम करती हैं।

Edited By: Sachin Kumar Mishra