राजस्थान हाई कोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश के खिलाफ वकीलों ने खोला मोर्चा, क्या है वजह?
राजस्थान उच्च न्यायालय के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजीव प्रकाश शर्मा के खिलाफ वकीलों ने मोर्चा खोल दिया है।

वकीलों ने संजीव प्रकाश शर्मा को हटाने की मांग की

समय कम है?
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जागरण सवाददाता, जयपुर। राजस्थान उच्च न्यायालय के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजीव प्रकाश शर्मा को लेकर सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीश संदीप मेहता द्वारा मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत को लिखे गए पत्र के बाद विवाद बढ़ता ही जा रहा है।जोधपुर बार एसोसिएशन ने सोमवार को बैठक कर आगामी छह सितंबर तक शर्मा के खिलाफ न्यायिक कार्य का बहिष्कार करने का फैसला किया है।
उच्च न्यायालय परिसर में मुख्य न्यायाधीश के कक्ष न्यायालय नंबर दो के बाहर वकीलों ने नारेबाजी की। वकीलों ने शर्मा को जांच पूरी होने तक न्यायिक और प्रशासनिक कार्य से दूर रखने और लंबित मामलों के निस्तारण के लिए लक्ष्य फाइल प्रणाली को तुरंत बंद करने की मांग की है।
वकीलों की संजीव प्रकाश शर्मा को हटाने की मांग
उच्च न्यायालय लिपिक एसोसिएशन ने भी वकीलों की मांग का समर्थन किया है। संजीव प्रकाश शर्मा 26 सितंबर को सेवानिवृत हो रहे हैं। जोधपुर स्थित मुख्यपीठ में बार एसोसिएशन के महासचिव विजय चौधरी के अनुसार वकीलों में आक्रोश बहुत अधिक है। समय रहते यदि हम इसे नहीं संभाल सके तो मामला बढ़ सकता है।
उच्च न्यायालय परिसर में नारेबाजी और हंगामा कर रहे वकीलों ने आरोप लगाया कि शर्मा ने देशभर के न्यायाधीशों को यहां बुलाकर कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं, जिनमें बेवजह पैसा खर्च हुआ है। हालांकि जयपुर स्थित उच्च न्यायालय परिसर में वकीलों द्वारा किए गए प्रदर्शन का स्थानीय बार एसोसिएशन ने प्रदर्शन नहीं किया।
संजीव प्रकाश शर्मा बोले, आज स्थिति तनावपूर्ण
जयपुर उच्च न्यायालय में खुली अदालत में संजीव प्रकाश शर्मा ने सोमवार सुबह कहा कि आज स्थिति थोड़ी तनावपूर्ण है, क्योंकि वकील किसी को भी पेश होने की अनुमति नहीं दे रहे हैं।
विवाद के बीच जयपुर में बार काउंसिल की ओर से आयोजित नव निर्वाचित पदाधिकारियों के सम्मान समारोह में मुख्य न्यायाधीश शर्मा शामिल हुए।
