जागरण संवाददाता, जयपुर। Rajasthan Political Crisis: राजस्थान के सियासी संकट के बीच परिवहन मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने मंगलवार को मीडिया से बात करते हुए कहा कि सचिन पायलट को सामने आकर के जो भी बात है, वह स्पष्ट करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि भाजपा के लोग पैसे के दम पर सरकार गिराने कि कोशिश कर रहे हैं, जो विधायक बागी बनकर गए, वे अपने विधानसभा क्षेत्र में घुस नहीं पाएंगे। खाचरियावास ने कहा कि पैसे के दम पर राजनीति में जो एमएलए बिकता है, वो जनता के स्वाभिमान को बेच रहा है। राजस्थान की धरती पर लोग गद्दारी के लिए नहीं जाने जाते हैं।

वहीं, बसपा से कांग्रेस में शामिल हुए विधायक राजेंद्र गुढ़ा, जोगेंद्र सिंह अवाना व वाहीद अली ने कहा कि हम सीएम अशोक गहलोत के कारण कांग्रेस में शामिल हुए थे। मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि सचिन पायलट और उनके साथ विधायकों को वापस आकर अपनी बात पार्टी नेतृत्व के समक्ष रखनी चाहिए। यदि कोई विवाद है तो उसका निपटारा बातचीत से करना चाहिए। वहीं, राजस्थान के सियासी संग्राम को लेकर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के हमले के बाद अब सचिन पायलट ने पलटवार किया था। पायलट ने कहा कि यह पूरा मामला उन्हें बदनाम करने और पार्टी के प्रति उनकी विश्वसनीयता को संदिग्ध बनाने की साजिश है। पायलट ने कहा कि पूरे मामले को नया राजनीतिक रंग दिया जा रहा है, ताकि राजस्थान में कांग्रेस पार्टी की समस्याओं की तरफ से पार्टी नेतृत्व का ध्यान हटाया जा सके।

उन्होंने कहा कि मुख्य मुद्दे से ध्यान भटकाकर अब सिर्फ मेरी छवि को नुकसान पहुंचाने के लिए यह ताना-बाना बुना जा रहा है। सीएम अशोक गहलोत द्वारा नकारा, निकम्मा और धोखेबाज कहे जाने के बाद सचिन पायलट ने मोर्चा खोल दिया है। सचिन पायलट ने कहा है कि मेरी छवि खराब करने की कोशिश की जा रही है। मैं आरोपों से दुखी हूं, लेकिन हैरान नहीं, साथ ही उन्होंने कांग्रेस से भाजपा में लाने के लिए 35 करोड़ रुपये की पेशकश का आरोप लगाने वाले कांग्रेस विधायक गिर्राज सिंह मलिंगा को लेकर कहा कि वह विधायक के खिलाफ उचित और कड़ी कानूनी कार्रवाई करेंगे।

इंडियन टी20 लीग

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस