उदयपुर, जागरण संवाददाता। वल्लभनगर से कांग्रेस के विधायक गजेंद्रसिंह शक्तावत का बुधवार सुबह दिल्ली के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया। वह पिछले तीन सप्ताह से बीमार थे और उनका उपचार जारी था। विधायक शक्तावत के निधन के बाद मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष गोविन्दसिंह डोटासरा एवं पूर्व उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट ने संवेदना व्यक्त करते हुए संवेदनाएं जताई हैं।

मुख्यमंत्री ने शक्तावत के निधन के बाद बुधवार सुबह 11 बजे आयोजित होने वाली म़ंत्रिमंडलीय बैठक निरस्त कर दी है। इधर, उदयपुर जिले के कांग्रेस समर्थकों में शक्तावत के निधन से शोक छा गया। मुख्यमंत्री ने विधायक शक्तावत के निधन को लेकर ट्वीट किया है कि वह पिछले पंद्रह दिन से शक्तावत के चिकित्सक डॉ. शिव सरीन से संपर्क में थे तथा उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ले रहे थे। उन्होंने शक्तावत के निधन पर शोक जताते हुए शोकाकुल परिजनों को इस बेहद कठिन समय में सम्बल और दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करने की प्रार्थना की।

इधर, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविन्दसिंह डोटासरा ने भी विधायक शक्तावत के निधन पर शोक जताया है। मैं ईश्वर से दिवंगत आत्मा को शान्ति प्रदान करने एवं उनके परिवारजनों को यह आघात सहने का संबल प्रदान करने की प्रार्थना करता हूं।

पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट ने भी गजेंद्र शक्तावत के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने ट्वीट करते हुये श्रद्धांजलि दी है। सचिन पायलट ने शक्तावत के असामयिक निधन पर गहरी संवेदनाएं व्यक्त की हैं। बताया गया कि शक्तावत लंबे समय से बीमार थे और उनका उपचार दिल्ली के एक निजी अस्पताल में जारी था। लीवर तथा किडनी की बीमारी के चलते वह पिछले महीने से दिल्ली में थे। इस बीच वह कोरोना संक्रमित भी हुए लेकिन बाद में ठीक भी हो गए थे। शक्तावत के निधन के बाद संपूर्ण उदयपुर ही नहीं, बल्कि मेवाड़ के कांग्रेसियों में शोक की लहर छा गई। लोग उनके उदयपुर स्थित मकान पर पहुंचने लगे और परिजनों को ढांढस बंधाने लगे।

सचिन पायलट गुट में शामिल थे शक्तावत

पिछली कांग्रेस सरकार में संसदीय सचिव रहे विधायक शक्तावत पूर्व मुख्यंत्री सचिन पायलट समर्थक माने जाते थे। राज्य में जब सरकार पर संकट आया तब वह सचिन पायलट के साथ देखे गए थे। वल्लभनगर ले जाया जाएगा शव, उदयपुर में रहता है परिवार विधायक गजेंद्रसिंह शक्तावत का परिवार उदयपुर में रहता है, जबकि वल्लभनगर उनकी कर्मभूमि है। वल्लभनगर मूल के विधायक शक्तावत का एक मकान वहां भी है तथा उनके भाई तथा परिवार के अन्य सदस्य वल्लभनगर में रहते हैं।

पिता की मौत के बाद आए राजनीति में

गजेंद्रसिंह शक्तावत के पिता गुलाबसिंह शक्तावत कांग्रेस के दिग्गज नेताओं में शामिल थे। वह राज्य में कई बार गृहमंत्री रहे। उनके निधन के बाद गजेंद्रसिंह राजनीति में आए तथा दो बार पिता की कर्मभूमि वल्लभनगर से दो बार विधायक निर्वाचित हुए। 

Edited By: PRITI JHA