जोधपुर, संवाद सूत्र। भंवरी देवी हत्याकांड की मास्टर माइंड इंद्रा विश्नोई को भी बुधवार को हाईकोर्ट से जमानत गई है। अब इस मामले में सभी आरोपियों को जमानत मिल चुकी है। इंद्रा विश्नोई ने मंगलवार को सीबीआइ की आपत्ति के बाद नए सिरे से जमानत याचिका पेश करने की स्वतंत्रता के साथ बेल याचिका विड्रा कर ली थी। उसकी तरफ से फिर से राजस्थान उच्च न्यायालय से अनुमति लेकर याचिका पेश की गई। उसकी तरफ से अधिवक्ता हेमंत नाहटा और संजय विश्नोई ने पैरवी की। दूसरे आरोपितों की तरह हाईकोर्ट ने उसकी जमानत याचिका को भी स्वीकार कर लिया। इस तरह अब इस मामले के सभी सत्रह आरोपियों को जमानत मिल गई है।

इंद्रा विश्नोई ने पांच साल तक काटी थी फरारी

भंवरी मामले के बाद इंद्रा ने साढ़े पांच साल तक नर्मदा के तट पर गुमनाम जीवनयापन कर फरारी काटी थी। पांच लाख रुपये की इनामी इंद्रा बहुत मुश्किल से पकड़ में आई थी। वह साल 2017 में पकड़ी गई और तभी से जेल में बंद है। उसे इस मामले में मुख्य मास्टरमाइंड माना जा रहा है, जिसने इस पूरे घटनाक्रम की साजिश को रचा था। भंवरी देवी की हत्या होने के बाद से वह फरार हो गई थी, जिसे इस पूरे प्रकरण में पांच साल बाद बमुश्किल पकड़ा गया, तब से वह जेल में बंद थी।

सभी आरोपितों को मिल गई जमानत

भंवरी देवी अपहरण व हत्या मामले में कुल 17 आरोपित जेल में थे, जिन पर की भंवरी देवी का अपहरण, उसकी हत्या और हत्या का षड्यंत्र रचने के मामले अलग-अलग धाराओं में चल रहे थे। इन 17 आरोपितों में तत्कालीन जल संसाधन मंत्री महिपाल मदेरणा, पूर्व लूणी विधायक मलखान सिंह विश्नोई सहित भंवरी देवी का पति अमरचंद भी आरोपित था। इस मामले में सबसे पहले सुप्रीम कोर्ट ने इंद्रा के भाई परसराम की जमानत स्वीकार की। उसे जमानत मिलने के आधार पर अन्य आरोपितों को भी हाईकोर्ट से जमानत मिल गई। अब इस मामले में सभी आरोपितों की जमानत हो चुकी है।

Edited By: Sachin Kumar Mishra