विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 06, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Rajasthan: बाड़मेर में हरीश चौधरी बोले, आगामी पंजाब विधानसभा चुनाव में कांग्रेस बेहतर प्रदर्शन करेगी

By Sachin Kumar MishraEdited By:
Published: Sat, 06 Nov 2021 09:29 PM (GMT+05:30)Updated: Sat, 06 Nov 2021 09:39 PM (GMT+05:30)

Rajasthan पंजाब कांग्रेस के प्रभारी और राजस्थान सरकार में राजस्व मंत्री हरीश चौधरी ने बाड़मेर में दावा किया है कि ...और पढ़ें

पंजाब कांग्रेस के प्रभारी और राजस्थान सरकार में राजस्व मंत्री हरीश चौधरी। फाइल फोटो
पंजाब कांग्रेस के प्रभारी और राजस्थान सरकार में राजस्व मंत्री हरीश चौधरी। फाइल फोटो

जयपुर, जागरण संवाददाता। पंजाब कांग्रेस के प्रभारी और राजस्थान सरकार में राजस्व मंत्री हरीश चौधरी ने कहा कि कैप्टन अमरिंदर सिंह सीएम रहते हुए भाजपा और अकाली दल से मिले हुए थे। वह पंजाब के हितों के अनुरूप फैसले नहीं ले रहे थे। अमरिंदर सिंह की कार्यप्रणाली और फैसलों से विधायकों में नाराजगी थी। इस कारण पार्टी ने उन्हें हटाकर चरणजीत सिंह चन्नी को मुख्यमंत्री बनाया है। शनिवार को बाड़मेर में मीडिया से बात करते हुए चौधरी ने दावा किया कि आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस पहले से बेहतर प्रदर्शन करेगी। पिछले चुनाव के मुकाबले ज्यादा विधायक जीतेंगे। उन्होंने कहा कि चन्नी को सीएम बनाने के बाद जो फैसले लिए गए हैं, उनसे पंजाब के लोगों में उत्साह है। लोगों की भागीदारी बढ़ी है।

उन्होंने कहा कि कैप्टन ने भाजपा के साथ संबंध बनाने की इच्छा जताकर साफ कर दिया कि वह बीजेपी के कितने निकट हैं। पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू को परिपक्व नेता बताते हुए चौधरी ने कहा कि कांग्रेस पार्टी में अपनी बात रखने का सभी को अधिकार है। सिद्ध का इस्तीफा वापस लेने का फैसला उनका खुद का था। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस पर काम कर रही है कि पंजाब और वहां के लोग कैसे आगे बढ़ें। आगामी विधानसभा चुनाव का आधार भी यही रहेगा। उन्होंने कहा कि उप चुनाव में हुई हार से भाजपा डरी हुई है।

गौरतलब है कि हरीश चौधरी का कहना है कि कैप्टन अमरिंदर सिंह मुख्यमंत्री रहते हुए लोगों को संतुष्ट नहीं कर सके। अब अलग पार्टी बनाकर भी राजनीति को प्रभावित नहीं कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि अगर अमरिंदर सिंह सही काम करते तो पंजाब में नेतृत्व ही नहीं बदलना पड़ता। उन्हें कांग्रेस ने नेतृत्व करने का मौका दिया था, लेकिन उनकी कार्यप्रणाली से असंतुष्ट होकर विधायकों ने उन्हें हटाने की मांग की थी। अगर उनका व्यवहार कांग्रेस के हित में होता तो नेतृत्व परिवर्तन नहीं होता। यह बात पूरा पंजाब अच्छी तरह से जानता है। पंजाब में फिर कांग्रेस की सरकार बनने का दावा करते हुए चौधरी ने कहा कि वर्तमान हालात में कोई भी पार्टी कांग्रेस का मुकाबला करने की स्थिति में नहीं है।