जयपुर, जेएनएन। राजस्थान में बारिश का दौर लगातार जारी है। जयपुर,करौली और सीकर जिलों में हुई बारिश का जनजीवन पर असर पड़ा है। जयपुर में बारिश के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। करौली जिले में हुई अच्छी बारिश के चलते पांचना बांध के 6 गेट खोलकर 6600 क्यूसेक पानी की निकासी की गई। करौली में अब तक 755 एमएम बारिश हो चुकी है। दौसा,अलवर और अजमेर जिलों में भी दिनभर हल्की बारिश का दौर जारी रहा। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में बारां, बूंदी, झालावाड़, कोटा जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।

राजस्थान के बारां जिले में बीती रात से हो रही तेज बारिश के कारण बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है। कई गांवों का सम्पर्क कट गया है और मकान के गिरने से दो बच्चियों की मौत हो गई जबकि आधा दर्जन लोग घायल बताए जा रहे हैं। देर रात से शुरू हुई बारिश के बाद बारां जिले की सभी नदियां उफान पर है और कई गांवों में पानी घुस गया है। जिससे लोगों के घरों, दुकानों में पानी भर गया है, इसके साथ ही कोटा के पास इटावा में पार्वती नदी उफान पर है और कई मार्ग रूक गए है।

समरानियां में नदी का पानी कस्बें के अंदर जा पहुंची है, दुकान और घरों में भी पानी भर गया है रातई डैम के ओवरफ्लो के कारण यहां ऐसे हालात हो गए हैं। जानकारी के मुताबिक कस्बे में रेसक्यू ऑपरेशन जारी है। दो दर्जन से अधिक गांव और कस्बे टापू बन गए हैं। कस्बे में रास्ते नदियों की दरिया बन गई हैं। राजस्थान के बारां जिले में भारी बारिश के बाद बारां में बाढ़ के हालात से जुझते गांव के स्‍थनीय लोगों ने एक बीमार मरीज को खटिया में डाल कर किसी तरह अस्‍पताल तक पहुंचाया। 

जिले की कुनु नदी और सहरोल की नदी में पानी आने के कारण सहरोल तलहटी मार्ग पूरी तरह से अवरुद्ध हो गया है तो वहीं मंडोरा और घोघरा गांव में घरों में पानी घुस गया है। इसके अलावा पचा थाना और हरनावदी जागीर गांवों का सम्पर्क कट गया है और गावों के चारों तरफ पानी भर गया है। भूलोन, जेपला, छबड़ा, गुगोर, गुगोर फतेहगढ़ मार्ग पर पानी आने से यह मार्ग रूक गए है। आचोली की पुलिया पर पानी आने से छबड़ा गुगोर मार्ग पूरी तरह से बाधित है तो छबड़ा, छीपाबड़ौद क्षेत्र में कच्चे मकान गिर गए हैं। हरनावदी जागीर की पुलिया पर 5 फीट तो छीपाबड़ौद सरकारी पुलिया 3 फीट पानी भर गया, जिससे आवागमन ठप्प हो गया है।

बारिश के चलते स्कूल छीपाबड़ौद के कून्डीखेड़ा राजकीय प्राथमिक विद्यालय की छत गिर गई। बारिश के कारण कवाई थाना क्षेत्र में एक पक्का मकान गिर गया और 2 बच्चियों की मौत हो गई और 6 लोग घायल हो गए। बारां शहर में भी कई स्थानों पर पानी भर गया। मौसम विभाग ने शनिवार को अलवर, भरतपुर, धौलपुर और सवाईमाधोपुर में भारी से भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। वहीं कोटा, करौली, झालावाड़ में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

बारां में पार्वती में एक ट्रक पलट गया। नदी उफान पर है और ट्रक में सात लाख रुपए की खाद भरी थी। ट्रक बूंदी से खाद लेकर बारां जिले के जलवाड़ा जा रहा था। दैगनी पुलिया पर डेढ़ फीट पानी बह रहा था। पुलिया पर गड्ढ़े थे। पुलिया पार करते समय ट्रक असंतुलित होकर पलट गया। ट्रक नदी में जा गिरा। ड्राइवर और खलासी ने तैर कर जान बचाई। वहीं बारां की परवन नदी भी उफान पर है। परवन पर नेशनल हाईवे 90 कलमोदिया के पास  एक से डेढ़ फीट पानी का बहाव बना हुआ है।

राज्य में मानसून के अब कुछ ही दिन बचे हैं वहीं प्रदेश में अब तक 450.43 मिमी बारिश हुई है जो औसत 476.39 से 5.44 प्रतिशत कम है। वहीं जयपुर में 442.65 मिमी बारिश हुई है जो औसत 479.80 मिमी से 7.7 प्रतिशत कम है।

अंडरपास के जलभराव में फंसी बस,डेढ़ घंटे तक फंसे रहे बच्चे

सीकर जिले में बुधवार रात से ही बारिश का दौर जारी है। सीकर जिले के नीमकाथाना कस्बे के अंडरपास में भरे पानी में स्कूली बच्चों की एक बस फंस गई थी। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। जानकारी के अनुसार अंडरपास में पानी भरा हुआ था,लेकिन चालक फिर भी बस को अंदर ले गया। कुछ दूर जाते ही बस पानी में फंस गई। करीब डेढ़ घंटे तक बस में सवार बच्चे परेशान होते रहे। आखिरकार प्रशासनिक अधिकारियों ने स्थानीय लोगों की सहायता से बच्चों को बस की छत पर सीढ़ी लगाकर बच्चों को अंडरपास की छत तक पहुंचाया था। 

Posted By: Preeti jha