जागरण संवाददाता, जयपुर। राजस्थान के भाजपा विधायक फूल सिंह मीणा खुद पढ़ने के साथ ही आदिवासी इलाकों के बालक-बालिकाओं का शिक्षा का संदेश देने के काम में जुटे हैं। पांच बेटियों के पिता फूल सिंह मीणा उदयपुर ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक हैं।

मीणा ने पारिवारिक परिस्थितियों के चलते 40 साल पहले सातवीं कक्षा पास करने के बाद पढ़ाई छोड़ी थी और अब फिर अपनी बेटियों को पढ़ता देख खुद बीए की डिग्री लेने की ठानी है। मीणा की बेटियां अपने विधायक पिता को न केवल शिक्षित कर रही हैं, बल्कि वे उन्हें अब कॉलेज में भी पहुंचा चुकी हैं। मीणा इस समय बीए फर्स्ट ईयर की परीक्षा दे रहे हैं। उन्हें एक ऐसा शिक्षक भी मिला है, जो बिना पैसा लिए उन्हें ऐसे समय में उनकी कार में पढ़ाता है, जब वे अपने विधानसभा क्षेत्र मे दौरे पर होते हैं।

मीणा ने बताया कि उन्होंने 40 साल बाद किताब हाथ में ली और चार साल पहले 10वीं-12वीं कक्षा पास की। अब बीए प्रथम वर्ष में परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं। मंगलवार को उनका पहला पेपर हुआ। चुनावी साल होने के कारण उन्हे फुर्सत नहीं मिलती, इसलिए वे विधानसभा क्षेत्र के दौरे के समय कार में ही पढ़ते हैं। घर में होते हैं तो बेटियां पढ़ाती हैं।

पढ़ा-लिखा नहीं होने का दर्द हमेशा रहता है बेटियों 

फूल सिंह मीणा बताते हैं कि विधायक बनने के बाद स्कूलों के कार्यक्रम में बच्चों को शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए भाषण देते वक्त मेरे दिमाग में एक ही बात आती थी कि मैं खुद तो पढ़ा-लिखा हूं ही नहीं। मेरी बेटियों ने भी मुझे पढ़ने के लिए प्रेरित किया। बड़ी बेटी ने मुझे जानकारी दिए बिना ही 10वीं कक्षा का फॉर्म भर दिया और पढ़ाई करने के लिए आगे लाई। इसके बाद पढ़ाई प्रारंभ की।  

Posted By: Sachin Mishra