संवाद सहयोगी, तरनतारन : किसान-मजदूर संघर्ष कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष सतनाम सिंह पन्नू ने कहा कि किसानों को 350 करोड़ का बकाया एक वर्ष गुजर जाने के बावजूद न मिलना, राणा शुगर चीनी मिल में किसानों से भेदभाव, पंजाब सरकार द्वारा किसानों-मजदूरों का कर्जा माफ न करना किसान विरोधी नीति का हिस्सा है।

उन्होंने कहा कि हर रोज हो रही खुदकुशियों, आढ़तियों व बैंकों द्वारा की जा रही जमीनों की कुर्की के खिलाफ किसानों व मजदूरों ने रेल रोको आंदोलन के मौके पर केंद्र व पंजाब सरकार के खिलाफ धरना लगाकर रोष जिताया था। लेकिन केंद्र व पंजाब सरकार के इशारे पर आरपीएफ ने रेलवे एक्ट के तहत 800 किसानों व मजदूरों पर पर्चे दर्ज कर लिया जो, किसान हितों से खिलवाड़ है।

पन्नू ने कहा कि ये केस तुरंत रद्द किए जाएं। पंजाब सरकार चुनावी वादों मुताबिक सभी वादे जैसे कि किसानों व मजदूरों का पूरा कर्जा माफ करे, गन्ने की बकाया राशि तुरंत जारी की जाए। मानी हुई मांगों को तुरंत लागू किया जाए।

Posted By: Jagran

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस

ਪੰਜਾਬੀ ਵਿਚ ਖ਼ਬਰਾਂ ਪੜ੍ਹਨ ਲਈ ਇੱਥੇ ਕਲਿੱਕ ਕਰੋ!