DM गगनदीप आत्महत्या मामला: पूर्व मंत्री लालजीत भुल्लर के पिता और PA को हाईकोर्ट से झटका, जमानत याचिका खारिज
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने पूर्व मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर के पिता सुखदेव सिंह और पीए दिलबाग सिंह की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी है।

पूर्व मंत्री लालजीत भुल्लर। फाइल फोटो
HighLights
पूर्व मंत्री लालजीत भुल्लर के पिता-पीए की अग्रिम जमानत खारिज।
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने याचिका खारिज कर आत्मसमर्पण का विकल्प दिया।
डीएम गगनदीप रंधावा आत्महत्या मामले में आरोपों का सामना कर रहे।
धर्मबीर सिंह मल्हार, तरनतारन। पंजाब वेयरहाउस के जिला मैनेजर गगनदीप सिंह रंधावा आत्महत्या मामले में फरार चले आ रहे पूर्व मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर के पिता सुखदेव सिंह व पीए दिलबाग सिंह की आगामी जमानत शुक्रवार को पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट की ओर से खारिज कर दी गई। अब दोनों आरोपितों के पास विकल्प के तौर पर माननीय सुप्रीम कोर्ट का रुख करने का रास्ता है या फिर इन्हें आत्म समर्पण करना होगा।
मामला 21 मार्च से संबंधित है। पंजाब वेयरहाउस के जिला मैनेजर गगनदीप सिंह रंधावा ने वीडियो बनाते हुए जहरीला पदार्थ निगलकर आत्महत्या की थी। जिसमें तत्कालीन केबिनेट मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर, उनके पिता सुखदेव सिंह भुल्लर, पीए दिलबाग सिंह पर मारपीट करने के आरोप थे। डीएम रंधावा आत्महत्या मामले में अमृतसर पुलिस ने तीनों खिलाफ केस दर्ज किया था। जिस दौरान लालजीत सिंह भुल्लर को मंत्री पद से त्याग पत्र देना पड़ा था।
खटखटा सकते हैं सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा
इस बीच उन्होंने आत्मसमर्पण कर दिया था। डीएम की पत्नी उपिंदर कौर जौली ने मामले की सीबीआइ जांच लिए पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। जो हाल ही में वापस ले ली गई।
पुलिस गिरफ्त से बाहर चले आ रहे भुल्लर के पिता सुखदेव सिंह भुल्लर व पीए दिलबाग सिंह (पूर्व चेयरमैन मार्किट कमेटी) उसी समय से भूमिगत चले आ रहे हैं। जिन्होंने आगामी जमानत लिए पहले स्थानीय अदालत का दरवाजा खटखटाया। बाद में जिला सेशन जज की अदालत से आगामी जमानत याचिका खारिज होते ही पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट का रुख किया था। अदालत में सुनवाई दौरान शुक्रवार को जस्टिस अमन चौधरी ने उक्त याचिका को खारिज कर दिया।
क्या था मामला
लालजीत सिंह भुल्लर द्वारा अपने पिता के नाम पर कई टैंडर डाले गए थे। इनमें से एक पंजाब वेयरहाउस से संबंधित था। जिसे प्राप्त करने में वह विफल रहे। इतना ही नहीं, डीएम रंधावा को घर बुलाकर उनकी मारपीट करते धमकाया गया।
बाद में एक वीडियो बनवाई गई। जिसमें डीएम रंधावा कहते हैं कि मैंने 10 लाख की रिश्वत ली थी। आत्महत्या दौरान बनाई गई वीडियो के आधार पर पुलिस ने भुल्लर परिवार खिलाफ कार्रवाई की। बता दें कि डीएम को गैंग्सटरों से मरवाने की धमकियां भी दी गईं।
जिसका जिक्र उन्होंने आत्महत्या से पहले तरनतारन के डिप्टी कमिश्नर के अलावा विभाग के डीएम को शिकायत दी थी।
