संवाद सूत्र, घनौली

घनौली के निकटवर्ती गांव डंगोली में उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया जब गांव के लोगों ने पुलिस प्रशासन द्वारा गुरुद्वारा साहिब के पाठी जगतार ¨सह को श्री गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी का आरोपित ठहराए जाने का समाचार एक टीवी चैनल पर प्रसारित किया गया। जिसके उपरांत कुछ ही देर में गुरुद्वारा ¨सह शहीदां डंगोली में गांव वासियों सहित अन्य क्षेत्र वासियों तथा विभिन्न धार्मिक तथा राजनीतिक जत्थेबंदियों के नेता भी एकत्र होना शुरू हो गए।

इस मौके गांव के लोगों ने आरोप लगाया कि पाठी जगतार ¨सह से पुलिस ने सीआइए स्टाफ रूपनगर में पूछताछ के दौरान बुरी तरह से मारपीट की तथा जबरन यह जुर्म कबूल करवाया है। इस दौरान लोगों ने पुलिस के रवैये के खिलाफ नारेबाजी करनी शुरू कर दी। जिसके उपरांत एसडीएम रूपनगर हरजोत कौर तहसीलदार राजपाल ¨सह सेखों तथा डीएसपी मनवीर ¨सह बाजवा मौके पर पहुंचे। इस मौके जब प्रशासनिक अधिकारियों ने लोगों को शांत करवाने का प्रयास किया तो गांव वासियों ने मांग की कि यदि आरोपित जगतार ¨सह को गुरुद्वारा साहिब में यह जुर्म कबूल करे तो वे अपने घरों को वापस चले जाएंगे। इस दौरान कुछ जत्थेबंदियों के नेताओं ने भी पाठी के पक्ष में आवाज उठानी शूरू कर दी। जिसके चलते हालात बेकाबू होते देख प्रशासनिक अधिकारियों ने गांव के गणमान्य व्यक्तियों के साथ बंद कमरा बैठक की। इस बैठक के दौरान अधिकारियों ने गांव के गणमान्य व्यक्तियों तथा पारिवारिक सदस्यों सहित 10 लोगों की बैठक आरोपित जगतार ¨सह के साथ करवाने पर सहमति बना ली गई।

सरपंच सु¨रदर कौर, जगतार ¨सह के पिता तथा पत्नी सहित अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने सीआइए स्टाफ रूपनगर में जगतार ¨सह बैठक में शामिल हुए। उन्होंने तख्त श्री केसगढ़ साहिब के जत्थेदार ज्ञानी रघुवीर ¨सह, जत्थेदार अमरीक ¨सह अजनाला, सरूप ¨सह सोलखियां, एसजीपीसी सदस्य अमरजीत ¨सह चावला तथा गांववासियों की उपस्थिति में बताया कि पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई दरुस्त है तथा आरोपित जगतार ¨सह ने अपना गुनाह कबूल कर लिया है। इसके उपरांत राजनीतिक तथा धार्मिक जत्थेबंदियों के नेता अपने अपने घरों को चले गए। लेकिन बड़ी संख्या में गांव वासी समाचार लिखे जाने तक गांव की गलियों में ही खड़े रहे तथा अभी भी इस बात को मानने के लिए तैयार नहीं थे कि जगतार ¨सह ने यह जुर्म किया है।

By Jagran