संवाद सहयोगी, रूपनगर: डीसी कार्यालय रूपनगर के कर्मचारियों द्वारा 27 अगस्त से अपनी मांगों को लेकर शुरू की गई कलमछोड़ हड़ताल चौथे दिन भी जारी रही, जबकि आज जिला रूपनगर सहित जिला मोहाली तथा जिला नवांशहर के सभी कर्मचारियों ने सामूहिक अवकाश लेकर जहां डिवीजन कमिश्नर के दफ्तर का घेराव किया वहीं डिविजन कमिश्नर की अनुपस्थिति में एडीसी जनरल लखमीर ¨सह राजपूत के माध्यम से मुख्यमंत्री को मांगपत्र भी भेजा गया। इससे पहले स्थानीय महाराजा रणजीत ¨सह बाग में विशाल धरना देते हुए नारेबाजी भी की गई। इस मौके जानकारी देते जिलाध्यक्ष कृष्ण ¨सह ने बताया कि सरकार के अड़ियल रवैये के खिलाफ पहले कलम छोड़ हड़ताल की गई जिसके बाद आज तीन जिलों के कर्मचारियों के द्वारा डिविजन कमिश्नर के दफ्तर का घेराव किया गया है। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि कलम छोड़ हड़ताल 31 अगस्त तक लगातार जारी रखी जाएगी , जबकि एक सितंबर को जालंधर में होने वाली राज्य स्तरीय बैठक में अगले संघर्ष बारे फैसला लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस हड़ताल के चलते आमजन को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है तथा लोगों को निराश होकर बिना काम करवाए घर लौटना पड़ रहा है जबकि माल विभाग के माध्यम से सरकार को होने वाली करोड़ों रुपए की आमदनी का नुकसान भी हो रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार के द्वारा कर्मचारियों को हड़ताल व संघर्ष करने के लिए विवश किया जा रहा है। जिसके लिए पंजाब सरकार जिम्मेदार है। उन्होंने कर्मचारियों की मांगों संबंधी जानकारी देते बताया कि डीसी दफ्तरों की तह मापदंडों के अनुसार क्लर्कों, स्टैनो, टाइपिस्टों, सीनियर सहायकों के पदों की भारी कमी है।बताया कि यूनियन ने मांग की है कि तह मापदंडों एवं नारम 1995 के अनुसार 2200 के करीब मांगे गए पदों में पहले मंजूर किए 460 पदों को भरा जाए, एक जनवरी 2016 से बकाया महंगाई भत्ते की किश्त जारी की जाए, नई भर्ती समय 15 जनवरी 2015 का वेतन देने का निर्णय वापस लेना, वर्ष 2004 के बाद भर्ती हुए कर्मचारियों व अधिकारियों को पुरानी पेंशन स्कीम के अंतर्गत लाना, छठे पे-कमीश्न को गठित कर महंगाई भत्ता 100 फीसदी करना, मिनिस्ट्रियल कर्मचारियों के छीने गए भत्ते बहाल करना, पाचवें वेतन कमीशन की खामियों को दूर करना, एसीपी स्कीम के अंतर्गत वर्ष पर हायर वेतन स्केल देना, शर्तों को पूरा करते सीनियर सहायकों को नायब तहसीलदार, सुपरिटेंडेंट ग्रेड-2 को नायब तहसीलदार तथा सुपरिटेंडेंट ग्रेड-1 को तहसीलदार पदोन्नत करना तथा तुजुर्बे की शर्त को 2 वर्ष करना, जूनियर स्केल स्टेनोग्राफर की पदोन्नति के समय टेस्ट लेने का पत्र वापस लेना, सीनियर सहायक पदोन्नत कोटा 100 फीसदी करना, एसएएस नगर, पठानकोट, ब¨ठडा तथा होशियारपुर के लिए एचआरसी शाखा में एक एक सीनियर सहायक के पदों की रचना करना तथा सुपरिटेंडेंट ग्रेड-2 तथा पीए की पदोन्नतियों के अधिकार मंडल दफ्तरों से लेकर डीसी को दिए जाने तथा डीआरए के पद क्लैरिकल स्टाफ में से ही भरने के आदि मांगें शामिल हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि मांगें न मानी गई तो आने वाले दिनों में जारी संघर्ष को उग्र रूप दिया जाएगा। इस मौके पर सुपरिटेंडेंट ग्रेड-1 संतोष कुमारी, सुपिरिटेंडेंट ग्रेड-2 सतनाम ¨सह, सुपिरिटेंडेंट ग्रेड-2 अमन कुमार, महासचिव कंवलजीत ¨सह, प्रेस सचिव काका ¨सह, जसपाल ¨सह, विनय धवन, मलकीयत ¨सह, अजय कुमार, सलाहकार नितिन शर्मा, गु¨रदर ¨सह, स्टैनो गुरमेल ¨सह, सु¨रदरपाल ¨सह, गुरदेव ¨सह, हरपाल कौर, जसवीर ¨सह, जसप्रीत ¨सह, करमवीर ¨सह, जसदीप ¨सह आदि उपस्थित थे।

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