पंजाब की गोविंद सागर झील में मिली 28.5 किलो की विशाल मछली, देखने वालों का लगा तांता; खरीद के लिए लगी बोली
पंजाब की गोविंद सागर झील में 28.5 किलोग्राम की विशाल बिग हेड सिल्वर कॉर्प मछली पकड़ी गई, जिससे मछुआरों में खुशी की लहर दौड़ गई।
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गोविंद सागर झील में मिली 28.5 किलो की विशाल मछली। फोटो जागरण
HighLights
गोविंद सागर झील में 28.5 किलो की मछली पकड़ी गई।
नंगल की कोहली फिश कंपनी में बिक्री के लिए लाई गई।
हिमाचल प्रदेश के ऊना स्थित एक स्कूल ने इसे खरीदा।
जागरण संवाददाता, नंगल (रूपनगर)। स्वादिष्ट मछली के उत्पादन के लिए देश भर में पहचान रखने वाली भाखड़ा बांध की गोविंद सागर झील में मंगलवार तड़के 28.5 किलोग्राम वजन की विशाल बिग हेड सिल्वर कॉर्प मछली पकड़े जाने से मछुआरों में खुशी की लहर दौड़ गई है। मछली को नंगल की कोहली फिश कंपनी में बिक्री के लिए लाया गया, जहां इसे देखने के लिए लोगों की लाइनें लगी रहीं।
कोहली फिश कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर बननदीप सिंह कोहली ने बताया कि यह विशाल मछली झील के सलोआ क्षेत्र में मछुआरे विजय कुमार के जाल में फंसी। मछली के असाधारण आकार व वजन की जानकारी मिलते ही इसे नंगल लाया गया। यहां पहुंचने के बाद इसकी बिक्री के लिए बोली लगी व समीपवर्ती हिमाचल प्रदेश के ऊना स्थित एक प्रतिष्ठित स्कूल ने इसे खरीद लिया।
मछुआरों में खुशी की लहर
उन्होंने बताया कि मंगलवार को गोविंद सागर झील से करीब सात क्विंटल मछली पकड़ी गई। झील में अब ए श्रेणी की मछली मानी जाने वाली कतला की उपलब्धता भी बढ़ रही है, जो मछुआरों के लिए अच्छे संकेत हैं। मंगलवार को कतला की खेप भी नंगल पहुंची, जिसे नंगल के अलावा चंडीगढ़, दिल्ली व असम के बाजारों में भेजने की तैयारी की जा रही है।
बवनदीप ने कहा कि गोविंद सागर में बड़ी आकार की मछलियों के लगातार मिलने से मछुआरों में उत्साह है। इससे मछली कारोबार को बढ़ावा मिलने के साथ ही झील पर निर्भर मछुआरा समुदाय के लिए भी यह आर्थिक रूप से राहत देने वाला संकेत है।
