भीष्म भनोट, मलिकपुर: ई- स्टांप की सुविधा शुरू होने के साथ ही खजाना दफ्तर, पठानकोट की चेस्ट में पड़े 14 करोड़ चार लाख 5880 रुपये के स्टांप पेपर बर्बाद हो जाएंगे। राजस्व मंत्री ब्रमशंकर जिपा द्वारा एक जून को ई-स्टांप सुविधा का शुभारंभ करने के बाद से जिला पठानकोट के स्टांप विक्रेताओं ने खजाना दफ्तर से प्रिटेड स्टांप पेपर नहीं खरीदे हैं। अगर 31 जुलाई तक उनके द्वारा खरीदे गए स्टांप पेपर की बिक्री नहीं होती है तो खजाना दफ्तर को शेष बचे हुए स्टांप पेपर का रिफंड करने पर स्टांप विक्रेता के पैसों की 10 प्रतिशत कटौती की जाएगी, जबकि उन्हें स्टांप पेपर खरीदने पर महज 2 प्रतिशत कमीशन दिया जाता है। तहसील-कचहरी में अपने काम करवाने के लिए आने वाले लोगों को 31 जुलाई के बाद प्रिटेड स्टांप पेपर नहीं मिलेंगे। रेवेन्यू विभाग द्वारा 31 जुलाई के बाद फिजिकली तौर से स्टांप पेपर बंद कर ई-स्टांप को शुरू करने के लिए नोटिफिकेशन जारी की गई है। अब हर कीमत के स्टांप को ई-स्टांप के द्वारा किसी भी स्टांप विक्रेता, सेवा केंद्र व पंजाब सरकार की तरफ से अधिकृत बैंकों से प्राप्त किया जा सकेगा। पहले यह सुविधा 20,000 रुपये से ऊपर के स्टांप पर उपलब्धि थी। अब यह सुविधा हर प्रकार के स्टांप पेपर पर कर दी गई है।

बता दें कि तहसील दफ्तर में इन दिनों हर महीने करीब 450 से 500 बैनामा, वसीयत, पावर ऑफ अटॉर्नी, पट्टानामां सहित अन्य जमीन-जायदाद के दस्तावेज पंजीकृत किए जा जाते हैं। इस कारण रेवेन्यू विभाग को प्रति महीने स्टांप पेपर के रूप में करीब एक करोड़ रुपये से अधिक रेवेन्यू प्राप्त होता है जो अब उन्हें पूरी तरह से ई-स्टांप के रूप में प्राप्त होगा। यह आंकड़ा 25 मई से लेकर 31 मई तक एक सप्ताह में तहसील कार्यालय मलिकपुर (पठानकोट) में पंजीकृत किए गए 119 दस्तावेज से रेवेन्यू विभाग को फीस व स्टांप ड्यूटी के रूप में प्राप्त हुए 27 लाख 17 हजार 52 रुपये मिले रेवेन्यू के आधार पर अनुमानित है।

पठानकोट के स्टांप विक्रेताओं ने मई में खरीदे थे 31 लाख के स्टांप पेपर

जिला पठानकोट में 18 स्टांप विक्रेता हैं। उन्होंने एक जून को ई-स्टांप सुविधा का शुभारंभ होने से पहले मई में 31 लाख 13 हजार 255 रुपये के स्टांप पेपर खरीदे थे। अब 31 जुलाई के बाद ई-स्टांप की सुविधा शुरू करने के लिए नोटिफिकेशन जारी हो चुकी है। इसके चलते जिला पठानकोट के स्टांप विक्रेता प्रिटेड स्टैंप पेपर नहीं बिकने के डर से खजाना दफ्तर पठानकोट से प्रिटेड स्टांप पेपर नहीं खरीद रहे हैं। खजाना दफ्तर में पड़े हैं 10 करोड़ के कोर्ट फीस स्टांप

खजाना दफ्तर पठानकोट में कोर्ट केस के लिए इस्तेमाल होने वाले 1 रुपये से लेकर 25,000 रुपये तक के 10 करोड़ 71 लाख 22 हजार 822 रुपये के कोर्ट फीस स्टांप पड़े हुए हैं। इन्हें स्टांप विक्रेताओं से खरीदा जा सकता है। इसके अलावा 15 लाख 23 हजार 700 रुपये की स्पेशल एडहेसिव स्टांप व 4 लाख 61 हजार 640 रुपये की रेवेन्यू स्टांप पड़ी हुई हैं।

स्टांप विक्रेता सीख रहे कंप्यूटर चलाना

जिला पठानकोट में 18 स्टांप विक्रेताओं के पास स्टांप पेपर बेचने का लाइसेंस है जो कागज के रजिस्टर में पेन से एंट्री कर कागज के स्टांप बेचते थे। इन्हें अब ई-स्टांप बेचने के लिए आइडी दी जाएगी। इसके जरिए वह लोगों को प्रिटर से प्रिटआउट निकाल कर ई-स्टांप बेचेंगे। इसके लिए कई स्टांप विक्रेताओं ने कंप्यूटर सीखना भी शुरू कर दिया है।

स्टांप विक्रेता ने कहा- स्टाक में पड़े प्रिटेड स्टांप पेपर बेचने की अनुमति दे सरकार

सीनियर स्टांप विक्रेता राजकुमार बजाज का कहना है कि सरकार को खजाना दफ्तर के स्टाक में पड़े प्रिटेड स्टांप पेपर को बेचने के लिए सभी स्टांप विक्रेताओं को अनुमति देनी चाहिए। इससे जहां बचे हुए स्टांप पेपर की बर्बादी नहीं होगी तो वहीं, उनकी भी रोजी-रोटी चली रहेगी। उन्होंने कहा कि अब उनकी उम्र 78 वर्ष हो गई है। सरकार ने कागज के स्टांप बंद कर ई-स्टांप की सुविधा शुरू की है। इसके कारण उन्हें अब बुढ़ापे में कंप्यूटर चलाने की ट्रेनिग लेनी पड़ेगी। इसके अलावा उन्हें ई-स्टांप बेचने के लिए कंप्यूटर, प्रिटर और एक इनवर्टर खरीदना पड़ेगा। हम स्टाक चेक कर लेते हैं : डीसी

जानकारी मुताबिक ई-स्टांप की सुविधा अभी सिर्फ नान ज्यूडिशियल स्टांप पेपर के लिए ही शुरू की गई है। अन्य सटांप जैसे कि कोर्ट फीस स्टांप, रेवेन्यू स्टांप और स्पेशल एडहेसिव स्टांप को लेकर कोई नोटिफिकेशन जारी नहीं की गई है। वहीं सूत्रों की मानें तो नान ज्यूडिशियल स्टांप को छोड़कर बाकी सभी स्टांप पहले की तरह ही इस्तेमाल होती रहेंगी। इस संबंध में जब जिला पठानकोट के जिलाधीश हरबीर सिंह से संपर्क किया तो उन्होंने कहा कि चिता मत करें, सरकार उनका ख्याल रखेगी, हम स्टाक चेक कर लेते हैं। खजाना दफ्तर पठानकोट के पास मौजूद स्टांप का स्टाक

नान ज्यूडिशियल स्टांप पेपर

स्टांप-स्टाक-मूल्य

10 रुपये-3-30

50 रुपये-4,039-2,01,950

100 रुपये -19-1,900

500 रुपये -16-800

1000 रुपये -54-54,000

5000 रुपये -7021-3,51,05,000

10000 रुपये -3431-3,43,10,000

15000 रुपये -4715-7,07,25,000

कुल- 14,04,05880 कोर्ट फीस स्टांप

स्टांप-स्टाक-मूल्य

1 रुपये -2,432-2,432

2 रुपये - 32,010-64,020

5 रुपये- 1,712-8,560

10 रुपये-2,69,000-26,90,000

20 रुपये-3,49,998-69,99,960

50 रुपये- 1,173-58,650

100 रुपये-467-46,700

200 रुपये-649-1,29,800

300 रुपये- 834- 2,50,200

500 रुपये-715-3,57,500

1000 रुपये-402- 4,02,000

3000 रुपये - 5596 - 16,788,000

5000 रुपये - 13205 - 6,60,25000

25000 रुपये - 532 - 13,300,000

कुल- 10,71,22822

रेवेन्यू स्टांप-

स्टांप-स्टाक-मूल्य

1 रुपये-4,61,640-4,61,640 स्पेशल एडहेसिव स्टांप

स्टांप-स्टाक-मूल्य

5 रुपये-91,800-4,59,000

10 रुपये -8,910-89,100

20 रुपये -48,780-9,75,600

कुल- 15,23,700

Edited By: Jagran