जागरण संवाददाता, नवांशहर : चुनाव आचार संहिता लगने के बाद से नर्सों ने हड़ताल को खत्म कर दिया है। हड़ताल खत्म होने के बाद से अस्पताल में मरीज आने लगे हैं। वहीं डाक्टरों की ओर से भी मरीजों का इलाज किया जाने लगा है। कई विभागों के कर्मचारी हड़ताल पर चले गए थे। हड़ताल के कारण आम लोगों को ही परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। जिला अस्पताल में आपरेशन नहीं हो रहे थे। वहीं अस्पताल में बच्चों की डिलीवरी भी नहीं हो पा रही थी। मजबूरी में गर्भवती महिलाओं को निजी अस्पतालों से इलाज करवाना पड़ रहा था। वहीं अस्पताल की ओपीडी भी 650 से गिर कर 50 रह गई थी। सोमवार से फिर से मरीजों की ओपीडी बढ़ने लगी है। जिला अस्पताल में सोमवार को पहले दिन 150 मरीज तो मंगलवार को इनकी संख्या बढ़कर 350 तक पहुंच गई है। अस्पताल में चेकअप करवाने वाले मरीजों मनजीत सिंह, जसविदर कौर ने बताया कि हड़ताल के कारण उन जैसे कई लोगों को बेहद दिक्कतों का सामना करना पड़ा। हड़ताल की शुरुआत में लोग आते थे व बिना इलाज करवाए ही लौट जाते थे। अस्पताल तक उन्हें आटो वालों को 200 रुपये देकर शहर से आना पड़ता था। जहां नर्सों की हड़ताल खत्म हो चुकी है वहीं एनआरएचएम कर्मचारी मंगलवार दोपहर तक हड़ताल पर थे। एनआरएचएम कर्मचारी स्वास्थ्य विभाग के डायरेक्टर के खिलाफ हड़ताल पर थे। इन लोगों का कहना था कि मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी उनकी कुछ मांगों को पूरा कर चुके हैं व दस्तावेजों पर साइन कर चुके हैं पर स्वास्थ्य विभाग का डायरेक्टर फाइल पर आगे की कार्रवाई नहीं कर रहा है। सोमवार को भी यह लोग हड़ताल पर थे पर मंगलवार दोपहर को एनआरएचएम कर्मचारियों ने हड़ताल को खत्म कर दिया। हड़ताल के दौरान कभी सरकार का पुतला फूंक प्रदर्शन किया तो कभी कलम छोड़ हड़ताल। इससे काम प्रभावित रहा और मरीजों को दिक्कतें हुई। हड़ताल के कारण रजिस्ट्री भी लगातार 22 दिन तक नहीं हो पाई थी।

इन मांगों को लेकर हड़ताल पर थे कर्मचारी

-कच्चे कर्मियों को पक्का किया जाए

-पुरानी पेंशन स्कीम बहाल की जाए

-वेतन आयोग की सिफारिशें लागू की जाए

-योग्यता के आधार पर पदोन्नति दी जाए। -------------- चुनाव आचार संहिता लागू होने के बाद से हड़ताल को खत्म कर दिया गया है। अस्पताल में इमरजेंसी, डायलिसिस सेवाओं को शुरू किया जा चुका है। नर्सिंग स्टाफ काम पर लौट चुका है।

-एमएमओ डा. मनदीप कमल, सिविल अस्पताल, नवांशहर।

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सभी स्वास्थ्य कर्मचारियों की हड़ताल खत्म हो चुकी है। मंगलवार से सभी शाखाओं के लोग काम पर लौट चुके हैं व अब लोगों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।

-डा. दविदर ढांडा, सिविल सर्जन।

Edited By: Jagran