संवाद सूत्र, श्री मुक्तसर साहिब

सीएचसी चक्क शेरे वाला के सीनियर मेडिकल अधिकारी डा. सुनील कुमार बांसल की अगुआई में सीएचसी में मेंटल हेल्थ दिवस पर जागरूकता कैंप का आयोजन किया गया। डा. बांसल ने बताया कि हर साल अक्टूबर में मानसिक रोगों संबंधी जागरूकता फैलाने के लिए मेंटल हेल्थ डे के रूप में मनाया जाता है।

उन्होंने बताया कि विश्व स्वास्थ्य संगठन की एक रिपोर्ट के अनुसार मानसिक विकारों जैसे डिप्रेशन की वजह से पूरे विश्व में लगभग 264 मिलियन लोग प्रभावित हैं। लगभग आठ लाख लोग प्रत्येक वर्ष आत्महत्या कर लेते हैं। मौजूदा समय में मानसिक रोगियों की बढ़ोतरी हो रही है और प्रतिदिन बढ़ रही आपराधिक घटनाओं का बढ़ना सामाजिक मानसिकता का परिणाम है। स्वभाव में परिवर्तन, नींद ना आना, उत्सुकता, चिता, भय, घबराहट, निराशा, गुस्सा, बार-बार हाथ धोते रहना, वहम होना, बिना बात रोना, आवाजें सुनाई देनी, आत्महत्या की कोशिश या धमकी देना आदि मानसिक रोगों के ही लक्षण हैं। लोग इनके बारे में खुल क बात नहीं करते जिस वजह से उन्हें समय पर इलाज नहीं मिलता। मानसिक रोग भी अन्य बीमारियों की तरह एक बीमारी हैं जिनका इलाज संभव है।

स्वास्थ्य विभाग की ओर से प्रत्येक जिले में नशा मुक्ति केंद्र स्थापित किए गए हैं जहां मानसिक रोग के माहिर डाक्टर नियुक्त हैं। विभाग की ओर से मानसिक रोग से पीड़ित व्यक्तियों के लिए सरकारी अस्पताल व सीएचसी में मुफ्त सलाह और दवाइयां उपलब्ध करवाई जाती हैं। मेंटल हेल्थ डे के अधीन करवाई जा रही गतिविधियों के तहत आज पौधारोपण भी किया गया। इस अवसर पर डा. वरूण, डा. जतिदर पाल सिंह, डा. अमनप्रीत कौर, डा. अलिशा, बीइइ मनबीर सिंह, एसआई परमजीत सिंह, नशा मुक्ति केंद्र की इंचार्ज स्टाफ नर्स जसजीत कौर, काउंसलर जगदेव सिंह, कांउसलर परमजीत कौर, सुरिदर कुमार, संगीत व अन्य लोग उपस्थित थे।

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