मोगा अंगदपुरा गोलीकांड: 19 घंटे बाद साहिल और गगनदीप का अंतिम संस्कार, परिजनों को मिला न्याय व सरकारी मदद का भरोसा
मोगा के अंगदपुरा गोलीकांड में साहिल जिंदल और गगनदीप सिंह की मौत के बाद परिजनों ने 19 घंटे तक अंतिम संस्कार रोककर इंसाफ की मांग की।
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19 घंटे बाद साहिल और गगनदीप का अंतिम संस्कार। फोटो जागरण
HighLights
साहिल और गगनदीप का 19 घंटे बाद अंतिम संस्कार हुआ।
परिजनों ने इंसाफ की मांग पर अंतिम संस्कार रोका था।
गगनदीप की पत्नी को नौकरी, बेटे की पढ़ाई का खर्च मिलेगा।
संवाद सहयोगी, मोगा। मोहल्ला अंगदपुरा में रविवार देर शाम हुए सनसनीखेज गोलीकांड में मारे गए साहिल जिंदल और गगनदीप सिंह का अंतिम संस्कार करीब 19 घंटे तक चले गतिरोध और प्रशासनिक मशक्कत के बाद सोमवार देर रात करवाया गया। दोनों युवकों की मौत से परिवारों में मातम पसरा रहा, वहीं इंसाफ की मांग को लेकर परिजन अंतिम संस्कार के लिए तैयार नहीं थे।
स्थिति को संभालने के लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को लगातार परिवारों से बातचीत करनी पड़ी। आखिरकार प्रशासन की ओर से परिवार को भरोसा दिलाने और समझाने के बाद अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी हुई।
जानकारी के अनुसार, रविवार देर शाम मोहल्ला अंगदपुरा में कुछ युवक एक दुकान के बाहर बैठे हुए थे। इसी दौरान स्कॉर्पियो सवार हमलावरों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। अचानक हुई गोलीबारी से इलाके में अफरा-तफरी और दहशत फैल गई।
इस वारदात में चार युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया, जहां साहिल जिंदल और गगनदीप सिंह की मौत हो गई। वहीं, सोमनाथ और राघव गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनका उपचार चल रहा है।
इंसाफ की मांग पर अड़े रहे परिजन
दो युवकों की मौत के बाद परिजनों में भारी रोष था। परिवार आरोपितों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और इंसाफ की मांग कर रहे थे। इसी कारण पोस्टमार्टम और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया को लेकर गतिरोध बना रहा। सोमवार को पुलिस और प्रशासन के अधिकारी लगातार परिजनों से बातचीत करते रहे। पोस्टमार्टम करवाने के बाद भी अंतिम संस्कार को लेकर सहमति बनाने में काफी समय लगा। करीब 19 घंटे तक चले घटनाक्रम के बाद प्रशासन परिजनों को मनाने और अंतिम संस्कार करवाने में सफल रहा।
गगनदीप के परिवार को सरकारी मदद का भरोसा
प्रशासन की ओर से मृतक गगनदीप सिंह के परिवार को राहत देने के लिए अहम घोषणाएं की गईं। उसकी पत्नी को सरकारी नौकरी देने की घोषणा की गई है। इसके अलावा गगनदीप के बेटे की पढ़ाई का खर्च भी सरकार और प्रशासन की ओर से उठाने का भरोसा दिया गया है। इन घोषणाओं के जरिए पीड़ित परिवार को आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा देने का प्रयास किया गया है।
गोलीकांड के बाद इलाके में तनाव
अंगदपुरा में हुई इस वारदात के बाद शहर में दहशत का माहौल बना हुआ है। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने अस्पताल और घटनास्थल के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी। दिनदहाड़े नहीं, बल्कि रविवार देर शाम हुई इस सरेआम गोलीबारी में दो युवकों की मौत और दो के घायल होने से शहर की कानून-व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। पीड़ित परिवार आरोपितों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और न्याय मिलने की उम्मीद लगाए हुए हैं।
