जागरण संवाददाता, मोगा : फिरोजपुर-मोगा फोरलेन बनकर लगभर तैयार है। शहर से गुजरने वाले फोरलेन के करीब छह किलोमीटर के रास्ते में कुल पांच ओवरब्रिज बनाए गए हैं, जिनमें से महज एक का काम कुछ अधूरा है, लेकिन अन्य का काम पूरा कर उस पर ट्रैफिक को चालू कर दिया गया है।

ओवरब्रिज शुरू होने के बाद से फोरलेन के दोनों ओर बनी सर्विस रोड पर ट्रैफिक जाम से लोगों ने बड़ी राहत महसूस करना शुरू कर दिया है। हालांकि बस अड्डे के सामने वाले ओवरब्रिज के निर्माण को अंतिम रूप दिया जा रहा है, जिस कारण शहर से बस अड्डे की ओर जाने वाले चार पहिया वाहनों को करीब दो किलोमीटर का अतिरिक्त सफर तय करके बस अड्डे तक जाना पड़ रहा है।

फोरलेन बनने से लुधियाना-फिरोजपुर या फिरोजपुर से लुधियाना जाने वाला ट्रैफिक शहर में आना बंद हो चुका है। पूर्व समय की तुलना में शहर की सर्विस रोड पर इस समय महज 30 फीसद ही ट्रैफिक बचा है, जबकि 70 फीसद ट्रैफिक ओवरब्रिजों पर चला गया है। जिला ट्रैफिक प्रभारी राम ¨सह का कहना है कि शहर की सर्विस रोड पर ट्रैफिक जाम कम होने के साथ-साथ सड़क हादसों में कमी आई है। उन्होंने बताया कि इस समय महज बस अड्डे के पास ट्रैफिक जाम की समस्या है, लेकिन अन्य किसी जगह पर ट्रैफिक जाम की कोई समस्या नहीं है।

चार माह देरी से चल रहा काम

बीते साल 17 अगस्त को फोर लेन का निर्माण करने वाली कंपनी के मालिक सुभाष चंद्र मोगा पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने डीसी दिलराज ¨सह से मुलाकात कर घोषणा की थी कि वह किसी भी हालात में 31 दिसंबर तक फोरलेन के काम को पूरा कर देंगे। लेकिन काम अपनी तय सीमा से चार महीने की देरी से चल रहा है। 376 करोड़ रुपये की लागत वाले इस फोनलेन प्रोजेक्ट को 2014 तक पूरा किया जाना था, लेकिन वर्ष 2018 के चार महीने बीत जाने के बाद भी ये प्रोजेक्ट पूरा नहीं हो सका है।

इसी माह अधूरा काम होगा पूरा

फोरलेन बना रही कंपनी के इंजीनियर वीके त्यागी का कहना है कि शहर के बीच छह किलोमीटर लंबी फोर लेन और इसी बीच पांच ओवरब्रिज बनाते हुए ट्रैफिक नियंत्रित रखना बेहद चुनौती भरा था। उन्होंने कहा कि बीते साल अधिक बारिश के कारण कई-कई दिनों तक निर्माण कार्य बंद रखना पड़ा था, लेकिन अब काम अंतिम चरण में पहुंच चुका है और इसी महीने के अंत तक फोरलेन का काम पूरा कर दिया जाएगा।

Posted By: Jagran