जेएनएन, दिड़बा (संगरूर)। अपनी ही कांग्रेस पार्टी की सरकार की कारगुजारी पर हमेशा से निशाना साधने वाले विधायक सुरजीत सिंह धीमान ने एक बार फिर सरकार को आड़े हाथ लिया है। धीमान का दावा है कि अपने अब तक के तीन वर्ष के कार्यकाल में कैप्टन सरकार पंजाब के अहम मुद्दों में से एक भी हल नहीं कर पाई है।

उन्होंने कहा कि सरकार की कारगुजारी शून्य है, इससे लोग काफी नाराज हैं। इसका असर वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को भुगतना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि पूर्व मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ईमानदारी से काम कर रहे थे, लेकिन मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने उन्हें पीछे हटा दिया। पंजाब की जनता सिद्धू के साथ है। कांग्रेस सरकार को गंभीरता से काम करना चाहिए।

धीमान ने कहा कि अकाली-भाजपा सरकार व कांग्रेस सरकार में कोई ज्यादा फर्क नहीं है। राज्य में पहले की तरह ही नशाखोरी जारी है। धार्मिक ग्रंथों की बेअदबी की जा रही है। युवा बेरोजगार हैं और ट्रांसपोर्ट माफिया और रेत माफिया अपनी मनमानी कर रहा है। इसीलिए, कांग्रेस सरकार की पिछले तीन वर्षों की कारगुजारी को अच्छा नहीं कहा जा सकता है। अगर कांग्रेस ने समय रहते ध्यान न दिया तो उसका हाल भी अकाली दल जैसा हो जाएगा।

बता दें, नशे के मुद्दे पर नवजोत सिंह सिद्धू भी कैप्टन पर निशाना साधते रहे हैं। इसके अलावा कांग्रेस में अन्य नेता भी कई बार नशे के मुद्दे पर सरकार को घेरते रहे हैं। कुछ दिन पहले शिरोमणि अकाली दल टकसाली ने भी सिद्धू की तारीफ की थी। 

उन्होंने सिद्धू को पार्टी को लीड करने का न्यौता दिया। पार्टी के नेता रंजीत सिंह ब्रहमपुरा के बाद पूर्व मंत्री व महासचिव सेवा सिंह सेखवां ने भी कहा कि सिख संस्थाओं को बादल दल से आजाद करवाना हमारा मकसद है ऐसे में नवजोत सिंह सिद्धू जैसे नेता जो पंजाब परस्त हैं उन्हें पार्टी में लाने और उसकी अगुवाई में आगे बढऩे में हमें खुशी होगी। नवजोत सिंह सिद्धू को लाने की मांग रंजीत सिंह ब्रह्म्पुरा ने दिल्ली में सफर-ए-अकाली के दौरान यह न्यौता दिया था। 

हरियाणा की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

पंजाब की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

Posted By: Kamlesh Bhatt

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस

ਪੰਜਾਬੀ ਵਿਚ ਖ਼ਬਰਾਂ ਪੜ੍ਹਨ ਲਈ ਇੱਥੇ ਕਲਿੱਕ ਕਰੋ!